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खिलाड़ियों के लिए बिहार सरकार की बड़ी सौगात, बिना परीक्षा मिलेगी सरकारी नौकरी

-खिलाड़ियों के लिए बिहार सरकार की बड़ी सौगात, बिना परीक्षा मिलेगी सरकारी नौकरी

पटना। बिहार सरकार ने राज्य के खिलाड़ियों के लिए एक ऐतिहासिक फैसला लेते हुए नई खेल नियुक्ति नीति-2026 लागू की है। इस नीति के तहत अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को बिना किसी लिखित परीक्षा के सीधी सरकारी नौकरी देने का प्रावधान किया गया है। सरकार के इस निर्णय को खेल जगत में बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है, जिससे प्रदेश के युवाओं में खेलों के प्रति नया उत्साह देखने को मिल सकता है।

नई नीति के अनुसार ओलंपिक, एशियाई खेल, कॉमनवेल्थ गेम्स और नेशनल गेम्स में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को उनकी उपलब्धियों के आधार पर विभिन्न सरकारी पदों पर नियुक्त किया जाएगा। चयन प्रक्रिया में पारंपरिक प्रतियोगी परीक्षा की आवश्यकता नहीं होगी और खिलाड़ियों की खेल उपलब्धियां ही उनकी योग्यता का आधार बनेंगी।

सरकार ने उन बिहारी खिलाड़ियों के लिए भी विशेष व्यवस्था की है जो वर्तमान में अन्य राज्यों, केंद्र सरकार या सार्वजनिक उपक्रमों (PSU) में कार्यरत हैं। ऐसे खिलाड़ियों को बिहार में सेवा का अवसर मिलेगा। उनकी पूर्व सेवा अवधि को मान्यता दी जाएगी तथा नौकरी में किसी प्रकार का ब्रेक नहीं माना जाएगा। साथ ही उनका वेतनमान और अन्य सेवा लाभ भी सुरक्षित रहेंगे।

खेल नियुक्ति-2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 5 जून से 20 जून तक चलेगी। पात्र खिलाड़ी निर्धारित सरकारी पोर्टल पर आवेदन कर सकेंगे। आवेदन के लिए वही खिलाड़ी योग्य होंगे जिन्होंने ओलंपिक, एशियाई खेल या कॉमनवेल्थ खेलों में भाग लिया हो अथवा पदक जीता हो। खेल उपलब्धियां पिछले दो वित्तीय वर्षों की या पदक जीतने की तिथि से अधिकतम तीन वर्ष के भीतर की होनी चाहिए।

मेडल के आधार पर मिलेगा पद और वेतनमान

ओलंपिक पदक विजेता तथा एशियन और कॉमनवेल्थ खेलों के स्वर्ण पदक विजेता खिलाड़ियों को लेवल-9 (ग्रेड पे 5400) के पद पर नियुक्ति मिलेगी।

ओलंपिक प्रतिभागियों और एशियन/कॉमनवेल्थ खेलों के रजत व कांस्य पदक विजेताओं को लेवल-7 (ग्रेड पे 4600) का लाभ मिलेगा।

एशियन और कॉमनवेल्थ खेलों के प्रतिभागियों तथा नेशनल गेम्स के स्वर्ण और रजत पदक विजेताओं को लेवल-6 (ग्रेड पे 4200) के पदों पर नियुक्ति दी जाएगी।

नेशनल गेम्स में शीर्ष-8 स्थान प्राप्त करने वाले खिलाड़ियों को ट्रायल के माध्यम से सरकारी नौकरी पाने का अवसर दिया जाएगा।

खेल प्रतिभाओं को सम्मान और सुरक्षित भविष्य देने की दिशा में बिहार सरकार की यह पहल राज्य के खेल इतिहास में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस नीति से खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ेगा, खेलों में भागीदारी को प्रोत्साहन मिलेगा और बिहार में खेल संस्कृति को नई मजबूती मिलेगी।