Advertisement

केरल पहुंचा मॉनसून, बिहार को अभी करना होगा इंतजार; 12 से 16 जून के बीच दस्तक की संभावना

-केरल पहुंचा मॉनसून, बिहार को अभी करना होगा इंतजार; 12 से 16 जून के बीच दस्तक की संभावना

नई दिल्ली/पटना। लंबे इंतजार के बाद आखिरकार दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने भारत में दस्तक दे दी है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने गुरुवार को आधिकारिक घोषणा करते हुए बताया कि मॉनसून केरल पहुंच चुका है। हालांकि इस बार मॉनसून अपने सामान्य समय से चार दिन की देरी से केरल पहुंचा है, जिससे देश के कई हिस्सों में गर्मी और उमस का असर बना हुआ है।

मौसम विभाग के अनुसार, मॉनसून के आगमन के साथ केरल के तिरुवनंतपुरम, कोल्लम, पत्तनमथिट्टा, इडुक्की और त्रिशूर जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। साथ ही 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकती हैं। केरल में पिछले कुछ दिनों से बारिश का सिलसिला जारी था, लेकिन अब मॉनसून की आधिकारिक एंट्री हो गई है।

बिहार में अभी जारी रहेगा गर्मी और उमस का सितम

मॉनसून के केरल पहुंचने से जहां दक्षिण भारत में राहत का दौर शुरू हो गया है, वहीं बिहार समेत उत्तर भारत के कई राज्यों को अभी कुछ दिन और इंतजार करना होगा। मौसम विभाग का अनुमान है कि दक्षिण-पश्चिम मॉनसून 12 से 16 जून के बीच बिहार में प्रवेश करेगा। तब तक राज्य में उमस भरी गर्मी और तेज तापमान लोगों को परेशान करता रहेगा।

मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि मॉनसून की धीमी रफ्तार के कारण तापमान में बढ़ोतरी हो रही है और लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिल पा रही है। बिहार में अगले एक सप्ताह तक गर्म और उमस भरा मौसम बने रहने की संभावना जताई गई है।

सामान्य से कम हो सकती है इस बार बारिश:

आईएमडी ने मॉनसून को लेकर संशोधित पूर्वानुमान भी जारी किया है। विभाग के अनुसार, इस वर्ष देश में सामान्य से कम वर्षा होने की संभावना है। अनुमान है कि इस बार दीर्घकालिक औसत (एलपीए) का लगभग 90 प्रतिशत ही बारिश होगी। भारत में दीर्घकालिक औसत वर्षा 87 सेंटीमीटर मानी जाती है, जो वर्ष 1971 से 2020 तक के आंकड़ों पर आधारित है।

मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक प्रशांत महासागर में उभर रही अल-नीनो की स्थिति मॉनसून को प्रभावित कर सकती है। अल-नीनो के कारण अक्सर मानसूनी हवाएं कमजोर पड़ जाती हैं, जिससे वर्षा में कमी देखी जाती है।

30 जून तक पूरे देश में फैल जाएगा मॉनसून

मौसम विभाग का अनुमान है कि दक्षिण-पश्चिम मॉनसून 30 जून तक पूरे देश को कवर कर लेगा। इसके बाद अधिकांश राज्यों में बारिश की गतिविधियां तेज हो जाएंगी और लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिलेगी।

लोगों को बरतनी होगी सावधानी:

बिहार में मॉनसून पहुंचने तक मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। विशेषज्ञों का कहना है कि अधिक से अधिक पानी पीएं, हल्के कपड़े पहनें और दोपहर के समय धूप में निकलने से बचें। विशेषकर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को गर्मी से बचाव के उपाय अपनाने चाहिए।

फिलहाल केरल में मॉनसून का स्वागत हो रहा है, जबकि बिहार समेत उत्तर भारत के लोग राहत की बारिश का इंतजार कर रहे हैं। मौसम विभाग को उम्मीद है कि जून के दूसरे सप्ताह के बाद बिहार में भी मानसून की फुहारें गर्मी और उमस से राहत दिलाएंगी।