-गोविंद शर्मा हत्याकांड में बड़ी कार्रवाई: नामजद आरोपित बाबुल चौधरी गिरफ्तार-दिल्ली भागने की थी तैयारी
मुजफ्फरपुर। चर्चित शूटर गोविंद शर्मा हत्याकांड में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। मामले के नामजद आरोपित बाबुल चौधरी को विशेष टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार वह दरभंगा एयरपोर्ट से विमान के जरिए दिल्ली भागने की तैयारी में था, लेकिन गुप्त सूचना के आधार पर एसटीएफ ने कार्रवाई करते हुए उसे दबोच लिया।
सिटी एसपी मो. मोहिबुल्लाह अंसारी ने बाबुल चौधरी की गिरफ्तारी की पुष्टि की है। हालांकि शहर में यह चर्चा भी रही कि लगातार पुलिस दबिश के कारण उसने एसटीएफ के समक्ष आत्मसमर्पण किया। फिलहाल पुलिस उसे हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है और हत्या से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी जुटा रही है।
गोविंद शर्मा की हत्या के दूसरे दिन सोशल मीडिया पर एक ऑडियो तेजी से वायरल हुआ था। इस ऑडियो में बाबुल चौधरी के नाम से हत्या की जिम्मेदारी लेने का दावा किया गया था। पुलिस ने ऑडियो की सत्यता की जांच के लिए उसे फॉरेंसिक साइंस लैब भेज दिया है। रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि वायरल ऑडियो असली है या नहीं।
पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि हत्या की साजिश में बाबुल चौधरी की क्या भूमिका थी और घटना के पीछे कौन-कौन लोग शामिल थे।

इस हत्याकांड में पुलिस ने एक दिन पहले हिस्ट्रीशीटर और गोविंद शर्मा के करीबी सहयोगी कुमार रणंजय उर्फ ओंकार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। जांच एजेंसियों का मानना है कि बाबुल चौधरी और ओंकार से पूछताछ के आधार पर हत्या की पूरी साजिश का खुलासा हो सकता है।
वहीं, प्राथमिकी में नामजद पटना की चर्मरोग विशेषज्ञ डॉ. जैसमिन परवीन अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। हाल ही में पुलिस ने पटना स्थित उनके फ्लैट पर छापेमारी की थी, लेकिन फ्लैट बंद मिला। इसके बाद से उनकी तलाश जारी है।
प्रारंभिक जांच में पुलिस को संकेत मिले हैं कि हत्या के पीछे आपसी रंजिश, अपराध जगत में वर्चस्व स्थापित करने की प्रतिस्पर्धा और भूमि कारोबार से जुड़े पुराने विवाद प्रमुख कारण हो सकते हैं। जांच टीम इन सभी बिंदुओं पर गहनता से काम कर रही है।
गौरतलब है कि गोविंद शर्मा और ओंकार का नाम पहले भी कई चर्चित आपराधिक मामलों में सामने आ चुका है। इनमें वर्ष 2018 का पूर्व मेयर समीर कुमार हत्याकांड, वर्ष 2022 में मिठनपुरा के एक जमीन कारोबारी से 50 लाख रुपये रंगदारी मांगने का मामला तथा वर्ष 2023 का चर्चित आशुतोष शाही हत्याकांड शामिल हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बाबुल चौधरी की गिरफ्तारी को मामले में महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है और पूछताछ के आधार पर जल्द ही कई अहम खुलासे हो सकते हैं।












