-8 साल के बेटे ने दी मां की चिता को मुखाग्नि, बेटी बोली- मम्मी 3 दिन से कह रही थी, मुझे ये लोग मार देंगे
सिकटा (पश्चिम चम्पारण)।सम्वाददाता।
थाना से करीब तीन सौ गज की दूरी पर वीआईपी कॉलोनी में किराए के मकान में पति एवं बच्चों के साथ रह रही अनु देवी की हत्या मामले में पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
मृतका की पुत्री साक्षी कुमारी (13) के बयान पर मृतका के पति पूर्वी चंपारण के घोड़ासहन थाना के श्रीपुर केवैया के लक्ष्मण सिंह, संजीव सिंह व राजेश सिंह समेत सिकटा थाना के वर्दही निवासी रामभारद्वाज सिंह व अनिल सिंह को नामजद किया गया है।
मृतक की बेटी साक्षी कुमारी ने पुलिस को बताया कि वह और उसका भाई सुबह भवानीपुर के मॉडल पब्लिक स्कूल में पढ़ने गए थे, उसकी मां ने दोनों को तैयार कराया और लंच बॉक्स भी दिया। उस समय वह खुश थी, लेकिन तीन दिन से वह कह रही थीं कि मुझे वे लोग मार देंगे। सबको धन चाहिए।
मृतका की पुत्री ने बताया कि करीब दो बजे भाई-बहन स्कूल से वापस आए तो देखा कि घर के मेन गेट पर ताला लगा हुआ है और ताले में खून लगा हुआ है, जिसे देख पड़ोसी बब्लू श्रीवास्तव, बिहारी यादव व अन्य को बुलाया और पड़ोसियों ने ताला तोड़ा।

अंदर गई तो घर में पलंग पर मेरी मां अनु देवी खून से लथपथ मृत पड़ी थी। उनके गर्दन, पेट व अन्य कई जगहों पर चाकू के गहरे जख्म थे। मेरे पिता बराबर मेरी मां के साथ मारपीट किया करते थे। उन्हें जान से मारने की धमकी भी देते थे। मेरे पिता, मां की हत्या कर गेट में ताला मारकर मोटरसाइकिल से भाग गए हैं। मेरे पिता वर्दही के अनिल सिंह व रामभारद्वाज सिंह, श्रीपुर केवैया के संजीव सिंह व राजेश सिंह के उकसाने पर हत्या किए है।
शुक्रवार को शव का पोस्टमार्टम कराकर पुलिस ने मृतका के मायके वालों को सुपुर्द किया। मृतका के माता व पिता नहीं है, उसका अपना सगा भाई भी नहीं है। चचेरे भाईयों ने अपनी जिम्मेदारी पर शव को लेकर अपने गांव शिकारपुर के श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार किया, जहां मृतका के पुत्र तेजस कुमार (8 वर्ष) ने अपनी माता को मुखाग्नि दी। मृतका के अंतिम संस्कार में उसके ससुराल पक्ष से कोई नही पहुंचा था।
















