-हाजीपुर जोन की एसआईजी टीम ने मुजफ्फरपुर जंक्शन का किया गहन निरीक्षण
-यात्री सुविधाओं में सुधार के दिए निर्देश
मुजफ्फरपुर। पूर्व मध्य रेल के हाजीपुर जोन से आई सर्विस इम्प्रूवमेंट ग्रुप (एसआईजी) की उच्चस्तरीय टीम ने गुरुवार को मुजफ्फरपुर जंक्शन का गहन निरीक्षण किया। मुख्य वाणिज्य प्रबंधक (पीएस) दिलीप कुमार के नेतृत्व में पहुंची टीम ने जंक्शन के विभिन्न प्लेटफॉर्मों पर उपलब्ध यात्री सुविधाओं और पुनर्विकास से जुड़े कार्यों की जमीनी स्थिति का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान टीम ने प्लेटफॉर्म संख्या 1, 2, 3, 6, 7 और 8 पर यात्रियों के लिए उपलब्ध सुविधाओं की बारीकी से जांच की। साफ-सफाई, पेयजल, यात्री आवागमन समेत अन्य व्यवस्थाओं का निरीक्षण करते हुए अधिकारियों ने संबंधित कर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
टीम ने जंक्शन पर नव-निर्मित कंबाइंड टर्मिनल बिल्डिंग (सीटीबी) का भी विशेष रूप से जायजा लिया। आने वाले दिनों में यात्रियों की मुख्य आवाजाही इसी भवन से संचालित होने को देखते हुए एंट्री और एग्जिट व्यवस्था को लेकर अधिकारियों के बीच विस्तृत चर्चा हुई। यात्रियों की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए प्रवेश और निकास गेटों के बेहतर प्रबंधन पर जोर दिया गयाl

यात्रियों को रास्ता तलाशने में परेशानी नहीं हो, इसके लिए जंक्शन के प्रमुख स्थानों पर स्पष्ट दिशा-निर्देश वाले साइन बोर्ड और सूचना पट्ट लगाने का निर्देश दिया गया। अधिकारियों ने कहा कि यात्रियों को प्लेटफॉर्म, प्रवेश, निकास और अन्य सुविधाओं की जानकारी आसानी से मिलनी चाहिए।
निरीक्षण के दौरान प्लेटफॉर्म संख्या दो पर एक वाटर कूलर का नल टूटा मिला। इस पर अधिकारियों ने नाराजगी जताते हुए उसे तत्काल दुरुस्त कराने का निर्देश दिया। टीम ने साफ-सफाई और यात्री सुविधाओं के रखरखाव में लगातार निगरानी रखने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
निरीक्षण के बाद अधिकारियों ने बताया कि जंक्शन की व्यवस्थाओं में आवश्यक सुधार के लिए एक विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर स्थानीय प्रशासन को भेजी जाएगी। रिपोर्ट के आधार पर यात्री सुविधाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में कार्रवाई की जाएगी।
एसआईजी की इस उच्चस्तरीय टीम में मुख्य सामान्य इंजीनियर, मुख्य पर्यावरण एवं हाउसकीपिंग प्रबंधक, मुख्य संचार इंजीनियर, मुख्य बिजली इंजीनियर और मुख्य स्वास्थ्य निदेशक समेत अन्य अधिकारी शामिल थे। स्थानीय स्तर पर स्टेशन अधीक्षक शिवदास, डीसीआई राजेश रंजन, आरपीएफ इंस्पेक्टर मनीष कुमार और ट्रैफिक इंस्पेक्टर मनोज कुमार भी मौजूद रहे।














