-ट्रेन में बरामद शराब घर ले जाने के आरोप में जीआरपी का हवलदार और महिला होमगार्ड गिरफ्तार
-गरीबरथ एक्सप्रेस में चार बैगों से मिली थी 27 लीटर अंग्रेजी शराब
-रेल एसपी के निर्देश पर हुई कार्रवाई
मुजफ्फरपुर। शराब तस्करी रोकने और कानून का पालन कराने की जिम्मेदारी जिन पुलिसकर्मियों पर है, उन्हीं पर शराब के मामले में गंभीर आरोप लगे हैं। सहरसा-गरीबरथ एक्सप्रेस में ड्यूटी के दौरान बरामद शराब को नियमानुसार जब्त कर कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बजाय अपने पास रखने के आरोप में जीआरपी के एक हवलदार और महिला होमगार्ड जवान को गिरफ्तार किया गया है। मामले में दो अन्य अज्ञात आरोपितों की भी तलाश की जा रही है।
घटना 19 अक्टूबर की है। ट्रेन संख्या 12204 गरीबरथ एक्सप्रेस में सुरक्षा ड्यूटी के दौरान चार बैगों से अंग्रेजी शराब बरामद की गई थी। इन बैगों में रॉयल स्टैग की 24 और ऑफिसर चॉइस की 12 बोतलें थीं। सभी बोतलें 750 मिलीलीटर की थीं। इस तरह कुल 36 बोतलों में 27 लीटर शराब मिली थी।
आरोप है कि बरामद शराब को नियमानुसार जब्त कर आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बजाय ड्यूटी पर तैनात हवलदार नरेंद्र कुमार सिंह और महिला होमगार्ड जवान अर्चना कुमारी ने अपने पास रख लिया। मामले में दोनों की कथित संलिप्तता सामने आने के बाद रेल पुलिस महकमे में हलचल मच गई। रेल एसपी बीणा कुमारी ने इसे गंभीरता से लेते हुए संबंधित कर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई का निर्देश दिया, जिसके बाद दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया।

गिरफ्तार हवलदार नरेंद्र कुमार सिंह (59) छपरा जिले के दरियापुर थाना क्षेत्र के सरहैया गांव के निवासी हैं। वहीं, महिला होमगार्ड जवान अर्चना कुमारी (24) मुजफ्फरपुर जिले के सदर थाना क्षेत्र की रहने वाली हैं। दोनों हाजीपुर रेल थाना में पदस्थापित बताए गए हैं।
बताया जाता है कि मामले में दोनों कर्मियों को बचाने के लिए पैरवी भी की गई, लेकिन रेल एसपी ने अपना रुख नहीं बदला और नियमानुसार कार्रवाई का निर्देश दिया। इसके बाद दोनों की गिरफ्तारी हुई। मामले में दो अन्य अज्ञात आरोपितों की संलिप्तता की बात भी सामने आई है। पुलिस उनकी पहचान करने और गिरफ्तारी के लिए आगे की कार्रवाई कर रही है।
शराब बरामदगी के मामले में रेल पुलिसकर्मियों की गिरफ्तारी से विभागीय अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और जवाबदेही को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।












