-राजापाकर में शांतिपूर्ण माहौल में निकाली गई मां दुर्गा की विसर्जन यात्रा, नम आंखों से दी गई विदाई
राजापाकर-संजय श्रीवास्तव। राजापाकर प्रखंड क्षेत्र में शारदीय नवरात्र एवं दुर्गा पूजा के समापन के बाद मां दुर्गा की प्रतिमाओं की विसर्जन यात्रा श्रद्धा, भक्ति और शांतिपूर्ण माहौल में निकाली गई। इस दौरान श्रद्धालुओं ने नम आंखों से मां दुर्गा को विदाई दी और अगले वर्ष फिर से आने की कामना की।
प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न गांवों और चौक-चौराहों पर स्थापित पूजा पंडालों में विधि-विधान से पूजा-अर्चना और अंतिम आरती के बाद मां दुर्गा की प्रतिमाओं को विसर्जन के लिए ले जाया गया। विसर्जन यात्रा में शामिल श्रद्धालु मां दुर्गा के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ रहे थे। इससे पूरे क्षेत्र का माहौल भक्तिमय बना रहा।

नवरात्र के नौ दिनों तक मां दुर्गा की आराधना में लीन रहे श्रद्धालुओं के लिए विदाई का क्षण भावुक करने वाला रहा। भक्तों ने मां से सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। साथ ही अगले वर्ष फिर से मां दुर्गा के आगमन की प्रार्थना करते हुए उन्हें विदाई दी।
विसर्जन कार्यक्रम को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने में पूजा समितियों के सदस्यों और स्थानीय लोगों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। निर्धारित समय और तय विसर्जन स्थलों पर धार्मिक परंपराओं के अनुसार प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया।
पूरे आयोजन के दौरान प्रखंड क्षेत्र में आपसी सौहार्द और भाईचारे का माहौल बना रहा। कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली। शांतिपूर्ण ढंग से विसर्जन संपन्न होने के साथ ही राजापाकर प्रखंड क्षेत्र में दुर्गा पूजा उत्सव का समापन हो गया।












