-कहमां के पीयर मटिया, सोना के कोदारि हे। मिथिला के सात सुहागिन माटी कोरय जाई हे-
जनकपुरधाम /मिश्री लाल मधुकर।
सप्ताहव्यापी सीताराम विवाह पंचमी महोत्सव के पांचवें दिन जनकपुरधाम के गंगासागर सरोवर मिथिला बिधि विधान से सीता जी का मटकोर संपन्न हुआ। मटकोर की मिट्टी मटिहानी के मृतखनी सरोवर से लाया गया था। मटकोर मिथिला विधि विधान से किया गया। अयोध्या से आयी रामलीला के कलाकार किशोरी जी (सीता) वनी थी। वही जानकी मंदिर के उत्तराधिकारी महंत राम रोशन दास बैष्णव जनक की भूमिका में थीं।

सुनयना की भूमिका में निर्मला बहन थी। इस अवसर पर महिलाओं ने मंगल गीत गायी। मटकोर के बिधकरी मे स्थानीय सांसद तथा पूर्व मंत्री जूली महतो ने महिलाओं के साथ भाग लिया। इस अवसर पर महिलाओं ने नाई को गालियां दी। सात सुहागिन महिलाएं किशोरी जी के साथ गंगासागर से मिट्टी निकाल कर मटकोर की रस्म अदा की गयी। मटकोर के अवसर तेल, अंकुरी वितरण किया गया।

मटकोर को देखने के हजारों दर्शक मौजूद थे। स्थानीय सांसद जूली महतो, स्थानीय बिधायक दीपेन्द्र ठाकुर, जनकपुरधाम उप महानगर पालिका के मेयर मनोज कुमार साह, जनकपुर वृहत्तर क्षेत्र विकास परिषद के अध्यक्ष शीतल साह, वार्डाध्यक्ष मिथिलेश कर्ण, समाजसेवी अमर चंद्र अनिल, प्रमोदानंद झा सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित थे। बिधायक तथा सेभ द हिस्टोरिकल पैलेस सह गंगा आरती के संयोजक रामाशीष यादब ने सभी अतिथियों को अंगवस्त्र से स्वागत किया।















