-राजापाकर में स्वतंत्रता सेनानी बच्चन शर्मा की जयंती श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई ग
राजापाकर/संजय श्रीवास्तव।
राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, राजापाकर के परिसर में विद्यालय के संस्थापक सह महान स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय बच्चन शर्मा की जयंती श्रद्धा एवं सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर विद्यालय परिवार के छात्र-छात्राओं, शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं स्थानीय गणमान्य लोगों ने उनकी आदमकद प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाध्यापक विजय कुमार ने की, जबकि संचालन वरीय शिक्षक केशव नारायण राय ने किया। अपने संबोधन में प्रधानाध्यापक ने कहा कि स्वतंत्रता संग्राम में बच्चन शर्मा का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण रहा है। उन्होंने विभिन्न आंदोलनों के माध्यम से अंग्रेजों के खिलाफ संघर्ष किया और देश की आजादी में अपनी सक्रिय भूमिका निभाई।
बताया गया कि बच्चन शर्मा का जन्म 1 मई 1917 को राजापाकर प्रखंड के बैकुंठपुर गांव में हुआ था। वर्ष 1934 में उन्होंने डॉ. राजेंद्र प्रसाद के नेतृत्व में भूकंप पीड़ितों की सेवा की। इसके बाद उन्होंने अक्षयवट राय के नेतृत्व में कांग्रेस सोशलिस्ट पार्टी की सदस्यता ग्रहण की और आजाद दस्ता में डॉ. राम मनोहर लोहिया तथा जयप्रकाश नारायण के साथ सक्रिय सेनापति के रूप में कार्य किया।

वर्ष 1942 के भारत छोड़ो आंदोलन में भी उन्होंने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और कई बार जेल गए। स्वतंत्रता के बाद वे 1977 में महुआ प्रखंड के प्रथम प्रमुख निर्वाचित हुए तथा 1979 में देवचंद महाविद्यालय की शिक्षा समिति के सचिव बने। उनकी स्मृति में विद्यालय परिसर में उनकी आदमकद प्रतिमा स्थापित की गई है, जो आज भी लोगों को प्रेरित करती है।
इस अवसर पर वसंत सिंह, सुमन कुमार, विजय कुमार, केशव नारायण राय, राजकुमार रवि, बिंदेश्वर सिंह, कुमारी पल्लवी, दिनेश कुमार, सिद्रा शरीफ, प्रियंका कुमारी, कामिनी कुमारी, प्रीति कुमारी, रूपा कुमारी, निधि सिंह, रितु कुमारी, शबनम खानम, खुशी कुमारी, शालिनी श्री, अलका श्री, शिवानी सिंह सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।











