-शिवसेना नेता की हत्या के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने आरोपी को दी जमानत, 2020 में की थी मर्डर की पूरी प्लानिंग
नई दिल्ली।संवाददाता।
सुप्रीम कोर्ट ने 2020 में महाराष्ट्र में एक स्थानीय शिवसेना नेता की हत्या की साजिश रचने वाले आरोपी को जमानत दे दी है। राहुल उमेश शेट्टी, जो शिव सेना के पूर्व लोनावला इकाई प्रमुख थे, उनकी 26 अक्टूबर, 2020 को दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई।
न्यायमूर्ति बी आर गवई, न्यायमूर्ति सी टी रविकुमार और न्यायमूर्ति संजय कुमार की पीठ ने मुख्य आरोपी सूरज विजय अग्रवाल की ओर से पेश वकील सना रईस खान की दलीलों पर ध्यान दिया कि मामले में अन्य सह-आरोपियों को शीर्ष अदालत ने जमानत दे दी है।
पीठ ने मामले में सुनवाई करते हुए कहा, “इस तथ्य को ध्यान में रखते हुए कि इस अदालत ने पहले ही अन्य सह-अभियुक्तों को जमानत दे दी है, हम याचिकाकर्ता को जमानत देने के इच्छुक हैं। याचिकाकर्ता को दर्ज एफआईआर संख्या के संबंध में जमानत पर रिहा करने का निर्देश दिया जाता है।”
पीठ ने महाराष्ट्र पुलिस और शिकायतकर्ता का प्रतिनिधित्व करने वाले वकील द्वारा आरोपी की जमानत याचिका के जोरदार विरोध पर ध्यान दिया और आरोपी को जमानत देने के लिए कुछ शर्तें रखीं।
जमानत याचिका का निपटारा करते हुए आदेश में कहा, “उक्त न्यायालय द्वारा लगाई जाने वाली शर्त के अलावा, हम निर्देश देते हैं कि याचिकाकर्ता मुकदमे के लंबित रहने के दौरान अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश, वडगांव, मावल के अधिकार क्षेत्र में प्रवेश नहीं करेगा, जब तक कि उसे संबंधित न्यायालय में उपस्थित होने की आवश्यकता न हो।”

बॉम्बे हाई कोर्ट ने 29 सितंबर, 2022 को अग्रवाल की जमानत याचिका खारिज कर दी थी। कोर्ट ने कहा, “शुरुआती जांच में सुपारी हत्यारों को काम पर रखकर मृतक को खत्म करने की आपराधिक साजिश का तत्व सामने आए हैं। अदालत इस तथ्य को नजरअंदाज नहीं कर सकती कि मृतक की दिनदहाड़े हत्या कर दी गई थी। यह आरोप लगाया गया कि अग्रवाल के राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता के कारण मृतक के साथ शत्रुतापूर्ण संबंध थे।
















