-अब सप्ताह के सातों दिन खुले रहेंगे नगर निगम के पार्क, सुरक्षा व्यवस्था भी होगी मजबूत
मुजफ्फरपुर। नगर निगम क्षेत्र के पार्क अब आम लोगों के लिए सप्ताह के सातों दिन खुले रहेंगे। पार्कों को सप्ताह में एक दिन बंद रखने की व्यवस्था में बदलाव की कवायद शुरू कर दी गई है। महापौर निर्मला साहू ने इस संबंध में नगर आयुक्त को आवश्यक कार्रवाई करने की जवाबदेही सौंपी है।
दरअसल, पिछली सशक्त स्थायी समिति की बैठक में सदस्यों ने पार्कों को सप्ताह के सभी दिन खुला रखने का मुद्दा उठाया था। समिति के सदस्यों का कहना था कि सप्ताह में एक दिन पार्क बंद रहने से निगम को राजस्व की भी क्षति हो रही है। इस पर महापौर ने संज्ञान लेते हुए पार्कों को सातों दिन खोलने का निर्देश दिया।
पार्कों में तैनात कर्मियों को साप्ताहिक अवकाश देने के लिए रोस्टर तैयार किया जाएगा। महापौर ने नगर आयुक्त को वैकल्पिक व्यवस्था के तहत कर्मियों का रोस्टर तैयार कर साप्ताहिक अवकाश सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। नगर आयुक्त ने उप नगर आयुक्त को पार्कों के साथ नगर भवन पुस्तकालय में कार्यरत कर्मियों के साप्ताहिक अवकाश का रोस्टर बनाने की जिम्मेदारी सौंपी है।
पार्कों में असामाजिक तत्वों के उपद्रव और वहां आने वाले लोगों को परेशान करने की शिकायतों को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था भी मजबूत की जाएगी। महापौर ने एसएसपी से समन्वय स्थापित कर पार्कों में पुलिसकर्मियों की तैनाती कराने को कहा है। इसके साथ ही विधि-व्यवस्था की निगरानी और पार्कों में पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है।

निर्माणाधीन जुब्बा साहनी ऑडिटोरियम में पार्किंग क्षमता बढ़ाने की भी कवायद होगी। वर्तमान में करीब 30 वाहनों की पार्किंग क्षमता को ध्यान में रखकर निर्माण किया जा रहा है। महापौर ने नगर आयुक्त को पार्किंग क्षमता बढ़ाने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। ऑडिटोरियम में करीब एक हजार लोगों के बैठने की क्षमता होगी। भवन की छत पर सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने के लिए डीपीआर में संशोधन करने का निर्देश भी दिया गया है।
महापौर ने कहा कि ऐतिहासिक धरोहर के रूप में तैयार किए जा रहे भवन के निर्माण में पारदर्शिता बनी रहे और किसी तरह की त्रुटि नहीं हो, इसके लिए एक कमेटी गठित की गई है। वहीं, जुब्बा साहनी पार्क के अंतर्गत दोनों कैंटीन की बंदोबस्ती के लिए निर्धारित डाक मूल्य को 15 हजार रुपये से घटाकर 10 हजार रुपये कर दिया गया है। चार बार निविदा जारी होने के बावजूद किसी के रुचि नहीं लेने के कारण यह निर्णय लिया गया।
शहर में खराब स्ट्रीट लाइट की मरम्मत में आ रही परेशानी को लेकर भी बैठक में चर्चा हुई। निगम के विद्युत मिस्त्रियों के पास स्ट्रीट लाइट की मरम्मत के लिए आवश्यक स्पेयर सामग्री उपलब्ध नहीं होने के कारण कई जगहों पर खराब लाइट ठीक नहीं हो पा रही हैं। महापौर ने नियमानुसार एजेंसी को ही स्ट्रीट लाइट की मरम्मत की जिम्मेदारी सौंपने का निर्देश दिया, ताकि किसी भी वार्ड में अंधेरा नहीं रहे।
इसके अलावा शहर के प्रमुख चौक-चौराहों और सड़कों के सुंदरीकरण पर भी जोर दिया गया है। रामबाग चौक और नीम चौक के सुंदरीकरण की योजना है। केदारनाथ रोड में कल्याणी चौराहा से माखन साह चौक तक मास्टिक और कालीकरण का कार्य कराया जाएगा। वहीं देवी मंदिर मुख्य मार्ग से संत जेवियर्स किंडर गार्डेन हॉस्टल चौराहा तक भी कालीकरण और मास्टिक का काम कराया जाना है।












