-नेपाल में धर्मांतरण चिंता का बिषय -मिलिन्द पराण्डे
जनकपुरधाम/मिश्रीलाल मधुकर।
नेपाल में तेजी से धर्मांतरण तेजी बढ़ रहाहै। उपयुक्त बातें विश्व हिन्दू परिषद नेपाल द्वारा आयोजित अंतरक्रिया कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि पद से बोलते हुएविश्व हिन्दू परिषद के महामंत्रीमिलिन्द पराण्डेने कहीं। उन्होंने कहा कि विश्व काएकमात्र हिन्दू राष्ट्र नेपाल था।एक षड्यंत्र के तहत धर्म निरपेक्ष बनाया गया और विश्व मानचित्र से हिंदू राष्ट्र गायवहो गया। पिछले जनगणना में नेपाल में 86प्रतिशत हिन्दू था।आज 64प्रतिशत रह गया है। वहीं इसाई तथा मुस्लिम की आबादी तेज़ी से बढ़ रही है।इसका मुख्य कारण हैं। विदेशी ईसाई मिशनरियां आई.एन.जी.ओ.के माध्यम से नेपाल के पहाड़ी तथा हिमाली क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य के नाम पर हिन्दू को ईसाई बना रहे हैं।इसी तरह लव जिहाद तथा बंग्लादेशी, रोहिंग्या मुसलमान का भी तेजी से घुसपैठ हो रहा है।आज नेपाल भारत सीमा पर कुकुरमुत्ते की तरह अबैध मस्जिद तथा मदरसा का निर्माण हो रहा है,जो दोनों देशों के लिए सुरक्षा के लिए खतरा बना हुआ है।इसी तरह बड़ी तेजी से चर्च का निर्माण हो रहा है।इसको रोकथाम के लिए सभी हिन्दुओं में चेतना लाना होगा।हमें जात-पात , छुआछूत तथा अंधविश्वास को हटाना होगा। धर्मांतरण हुए हिन्दू को घर वापसी के लिए के लिए सघन अभियान चलाना होगा। हिन्दी भाषा अभिमानी रमन पांडेय ने चीन द्वारा नेपाल की भूमि का अतिक्रमण तथा धर्मांतरण का जानकारी प्रमुख अतिथि को दिया।

विश्व हिन्दू परिषद नेपाल ज़िला धनुषा के अध्यक्ष संतोष कुमार साह की अध्यक्षता में संपन्न इस कार्यक्रम में जनकपुरधाम उप महानगरपालिका के मेयर मनोज कुमार साह, नेपाल संत मार्गदर्शक नेपाल के उप संयोजक
लक्ष्मण दास, विश्व हिन्दू परिषद नेपाल के राष्ट्रीय सचिव राम पुकार ठाकुर,नेपाल हिन्दू स्वयंसेवक संघ के जनकपुरधाम प्रभारी पवन कुमार, राम भूषण दास, समाजसेवी तथा उद्योग पति ओमप्रकाश सराफ ,मनोहर साह आदि ने विचार व्यक्त किए।












