-एक हाथ में जिले की बागडोर, दूसरे में ममता की छांव… प्रशासन का दिखा मानवीय चेहरा
मुजफ्फरपुर।एक हाथ में जिले की बागडोर और दूसरे हाथ में ममता की छांव—जब जिम्मेदारी निभाने वाले हाथों में संवेदनशीलता भी नजर आए, तो प्रशासन का एक अलग ही मानवीय चेहरा सामने आता है।
कलम से फैसले लेने वाले हाथ जब चम्मच से दुलार परोसते हैं, तो यह तस्वीर सिर्फ एक अधिकारी की नहीं, बल्कि संवेदनशील प्रशासन की मिसाल बन जाती है। जिम्मेदारियों के बीच ममता और अपनापन का मुजफ्फरपुर के जिलाधिकारी कुमार गौरव का यह भाव लोगों के दिल को छू रहा है।

प्रशासनिक पद की व्यस्तताओं के बीच मानवीय संवेदना को प्राथमिकता देने वाला यह अंदाज यह संदेश देता है कि शासन केवल फाइलों और आदेशों तक सीमित नहीं है। जनता के बीच रहकर उनकी भावनाओं को समझना और जरूरत के वक्त अपनापन दिखाना भी प्रशासनिक जिम्मेदारी का अहम हिस्सा है।
ऐसी तस्वीरें यह भरोसा जगाती हैं कि कठोर फैसलों और सरकारी जिम्मेदारियों के पीछे एक संवेदनशील इंसान भी मौजूद है। ❤️












