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मस्जिद में तोड़फोड़ के बाद मधेश में उबाल, धनुषा सहित पूरे नेपाल में मुस्लिम समुदाय का विरोध प्रदर्शन

-मस्जिद में तोड़फोड़ के बाद मधेश में उबाल, धनुषा सहित पूरे नेपाल में मुस्लिम समुदाय का विरोध प्रदर्शन

जनकपुरधाम/मिश्री लाल मधुकर।

धनुषा जिला के कमला नगरपालिका अंतर्गत सखुबा मरान गांव स्थित एक मस्जिद में तोड़फोड़ और आगजनी की घटना के बाद धनुषा जिला सहित पूरे मधेश प्रदेश एवं नेपाल के विभिन्न हिस्सों में मुस्लिम समुदाय द्वारा व्यापक विरोध प्रदर्शन किया गया। इस दौरान कई स्थानों पर सड़कों को अवरुद्ध किया गया, वहीं गृह मंत्री और प्रधानमंत्री के पुतले भी फूंके गए। विरोध प्रदर्शन के कारण महेन्द्र राजमार्ग पर घंटों यातायात बाधित रहा, जिससे आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
प्राप्त जानकारी के अनुसार कुछ दिन पूर्व हैदर अंसारी और जमानत अंसारी नामक दो युवकों द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म टिकटॉक पर एक वीडियो बनाया गया था, जिसमें कथित रूप से हिंदू देवी-देवताओं का अपमान किया गया। इस वीडियो को लेकर स्थानीय हिंदू युवाओं में आक्रोश फैल गया और खजुरी क्षेत्र में दोनों समुदायों के बीच बैठक भी हुई। मामले में पुलिस ने दोनों मुस्लिम युवकों को गिरफ्तार कर खजुरी पुलिस चौकी के हाजत में बंद किया था, हालांकि कुछ ही घंटों में उन्हें रिहा कर दिया गया।


बताया जाता है कि रिहाई के बाद भी दोनों युवकों का व्यवहार नहीं बदला और उन्होंने अपने मोहल्ले से गुजरने वाले हिंदू युवाओं के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। इसी दौरान विवाद बढ़ा और प्रतिकार की स्थिति बनी। आरोप है कि दोनों युवक भागकर मस्जिद में छिप गए, जिसके बाद कुछ हिंदू युवकों द्वारा मस्जिद में तोड़फोड़ की गई। इसके कुछ समय बाद मस्जिद में आगजनी की घटना भी हुई।
मुस्लिम समुदाय का दावा है कि इस दौरान कुरान शरीफ को आग लगाई गई, हालांकि प्रशासन के अनुसार यह मामला फिलहाल जांच का विषय है। मस्जिद में तोड़फोड़ और जले हुए कुरान की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पूरे देश में तनाव फैल गया और देखते ही देखते विभिन्न जिलों में मुस्लिम समुदाय द्वारा विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए गृह मंत्रालय के निर्देश पर धनुषा जिला सहित पूरे मधेश प्रदेश में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। संवेदनशील इलाकों में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है। समाचार लिखे जाने तक किसी की गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है, जबकि प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है और शांति बनाए रखने की अपील कर रहा है।