चंपारण की खबर::
– चरस तस्करी मामले में एक को दस वर्ष के सश्रम कारावास की सजा
मोतिहारी / राजन द्विवेदी ।
चौदहवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह एनडीपीएस के विशेष न्यायाधीश सूर्यकांत तिवारी ने चरस तस्करी मामले में दोषी पाते हुए नामजद एक अभियुक्त को दस वर्षों का सश्रम कारावास व एक लाख रुपए अर्थ दंड की सजा सुनाई। अर्थ दंड नहीं देने पर अतिरिक्त सजा काटनी होगी। सजा रक्सौल थाना के हरपुर नायका टोला निवासी बीरेश पटेल को हुई। 7 अगस्त 2018 को गुप्त सूचना पर रक्सौल पनटोका एसएसबी के जवानों ने रक्सौल स्टेशन से पीछा करते हुए बाटा चौक के पास एक युवक को धर दबोचा।

जांच के दौरान उसके पास से 7 किलो 600 ग्राम मादक पदार्थ चरस बरामद हुआ। मामले को नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो पटना की टीम ने मामले को अपने अधीन लेते हुए अपने स्तर से जांच कर साक्ष्य न्यायालय में प्रस्तुत किया था। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो, यूनियन ऑफ इंडिया के विशेष लोक अभियोजक निर्मल कुमार ने सात गवाहों को न्यायालय में प्रस्तुत कर अभियोजन पक्ष रखा था। न्यायाधीश ने वाद विचारण व दोनों पक्षों के दलीलें सुनने के बाद नामजद अभियुक्त को दोषी पाते हुए उक्त सजा सुनाए।












