चंपारण की खबर::
-सदर अस्पताल में इलाज रत गोपालगंज का कैदी भोला मियां की मौत पर हड़कंप
– दोस्त की हत्या मामले में सात साल से जेल में था बंद, बीमार होने पर अस्पताल में किया गया था भर्ती
मोतिहारी / राजन द्विवेदी।
मोतिहारी सेंट्रल जेल के सजायाफ्ता कैदी भोला मियां उर्फ़ एहसास अली ने मोतिहारी सदर अस्पताल में इलाज के दौरान आत्महत्या कर ली है। जिसके बाद सुरक्षा व्यवस्था में हुई चूक जेल प्रशासन, पुलिस प्रशासन से लेकर सदर अस्पताल के अधिकारियों में हड़कंप मच गया है। मृत कैदी एहसास अली गोपालगंज जिले के कुचायकोट का रहने वाला था। उसके परिजनों ने बताया कि एहसान अली अपने ही दोस्त जीतन यादव की सात वर्ष पूर्व हुई हत्या मामले में साजिशन फंसा दिया गया था। इधर गोपालगंज जेल से उसे मोतिहारी सेंट्रल जेल में ट्रांसफर कर दिया गया था। हाल ही में उसकी जमानत अर्जी लगाई जानी थी। लेकिन कल शाम सूचना मिली कि वह आत्महत्या कर लिया है।

इस संबंध में सिविल सर्जन डॉ अंजनी कुमार ने कहा कि उसकी मौत के कारण स्पष्ट नहीं है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगा कि उसकी मौत कैसे हुई है। जांच के लिए मुजफ्फरपुर से टीम आ गई है और जांच कर रही है। जेल सूत्रों के अनुसार एहसान अली कुछ दिन से अवसाद ग्रस्त हो गया था। इसका खुलासा तब हुआ जब मेडिकल टीम करीब एक दर्जन कैदियों के स्वास्थ्य जांच की। जिसके बाद उसे बेहतर इलाज के लिए मोतिहारी सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जहां उसकी मौत हो गई।












