Advertisement

बोचहां: बल्थी रसूलपुर पंचायत के वार्ड 9 महादलित बस्ती में पानी के लिये हाहाकार

– मुजफ्फरपुर के बल्थी रसूलपुर पंचायत के वार्ड 9 महादलित बस्ती में पानी के लिये हाहाकार

मुजफ्फरपुर(बिहार)।सम्वाददाता।

सरकार की नाकामी कहिए या अधिकारियों की मनमानी। सरकार की नलजल योजना क्रियान्वयन के बाबजूद गांवों में जल संकट है।
बिहार में मुजफ्फरपुर जिले के बोचहां प्रखंड क्षेत्र की हम बात कर रहे हैं। बल्थी रसूलपुर पंचायत के वार्ड संख्या 9 में नल जल योजना के तहत लाखों रुपए खर्च करके दो जल मीनार बनाई गई, इसके बावजूद महादलित बस्ती के लोग पानी के लिए तरस रहे हैं। जल संकट गहरा गया है। इस वार्ड के महादलित समुदाय के पानी के स्रोत निजी चापकल था, परंतु जल स्तर काफी नीचे चले जाने के कारण कईयों चापाकलों ने पानी देना बंद कर दिया है। कई चापाकल खराब हो गए हैं तो कईयों पानी दूषित हो गया है। इस समुदाय के लोगों को पानी पीने के लिए एकमात्र साधन बच्ची देवी के डेरा पर लगा नल है, इसी नल के सहारे पूरा दलित बस्ती के लोग पानी पीने और नहाने के लिए निर्भर है।

इस पंचायत में सात निश्चय योजना से दो जल मीनार बनाया गया, लेकिन इस वार्ड में न तो नल जल योजना के तहत विभाग द्वारा अब तक कुछ लोगों को छोड़कर बाकी लोगों कनेक्शन भी नहीं दिया गया है। जल मीनार से पानी का पाइप लाइन बिछाया गया जो ग्रामीणों के दरवाजे पर लाकर छोड़ दिया गया, ग्रामीण रणधीर कुमार, असर्फी महतो, सक्कल महतो, बच्ची देवी, संगीता देवी, नादिकीसोर पासवान बताते हैं पाइपलाइन को देखने से ही पता चलता है कि इस योजना में अधिकारियों द्वारा अनियमितता बरती गई है। गर्मी का हाल ऐसा है कि एक तरफ लोग गर्मी से बेहाल हैं तो दूसरी तरफ इस भीषण गर्मी में यहाँ लोगों के बीच पानी के लिए त्राहिमाम मचा है। वार्ड के लोग पानी पीने के लिए और नहाने के लिए इधर से उधर भटकते रहते है। फिर भी इस इस समस्या के समाधान के लिए कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं। रविवार की दोपहर पानी के लिये लाइन में लगे असर्फी महतो, सक्कल महतो, बच्ची देवी, संगीता देवी, नादिकीसोर पासवान आदि ने बताया कि हमलोगों के बीच जल संकट छाया हुआ है, इस समस्या की शिकायत कई बार स्थानीय जनप्रतिनिधि से लेकर अधिकारियों से की है इस पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।