-6 दिन बाद खत्म हुआ चिंटू सिंह का आमरण अनशन
-बहेड़ी थाना प्रकरण की जांच के लिए एसएसपी ने गठित की कमेटी
दरभंगा। बहेड़ी थाना क्षेत्र में कथित अवैध वसूली, भ्रष्टाचार और आमजन की समस्याओं को लेकर वरीय पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) कार्यालय के समक्ष पिछले छह दिनों से चल रहा सामाजिक कार्यकर्ता रविन्द्र नाथ सिंह उर्फ चिंटू सिंह का आमरण अनशन प्रशासनिक पहल के बाद रविवार रात समाप्त हो गया। प्रशासन की ओर से जांच कमेटी गठित करने के आश्वासन के बाद चिंटू सिंह ने जूस पीकर अपना अनशन समाप्त किया।
जानकारी के अनुसार, छह दिन तक चली वार्ता के बावजूद कोई ठोस निर्णय नहीं निकलने से अनशन जारी रहा। इस दौरान अनशनकारी की बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए बहादुरपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की चिकित्सकीय टीम ने उनका स्वास्थ्य परीक्षण भी किया।
रविवार रात करीब 9:30 बजे एसएसपी के निर्देश पर पुलिस पदाधिकारी सुनील कुमार अनशन स्थल पहुंचे। उन्होंने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए ग्रामीण पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में उच्चस्तरीय जांच कमेटी गठित करने का निर्णय लिया गया है। यह कमेटी दोनों पक्षों की बात सुनकर निष्पक्ष और पारदर्शी जांच करेगी। साथ ही जांच कमेटी गठन का आदेश सोमवार को अनशनकारी को उपलब्ध कराने का भी आश्वासन दिया गया।
अनशन के दौरान चिंटू सिंह ने शपथ पत्र के माध्यम से बहेड़ी थानाध्यक्ष सूरज गुप्ता और अवर निरीक्षक रौशन कुमार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने आरोप लगाया कि थाना में गरीब, दलित और वंचित वर्ग के लोगों की प्राथमिकी दर्ज करने में आनाकानी की जाती है, अवैध वसूली को बढ़ावा दिया जाता है तथा अपराधी तत्वों को संरक्षण दिया जाता है।

अनशन को मिथिला विकास संगठन सहित विभिन्न सामाजिक संगठनों और बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों का समर्थन मिला। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष विकाश फूल ने कहा कि थाना को कथित वसूली केंद्र में बदलने की प्रवृत्ति किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी। वहीं समाजसेवी कालीचरण यादव ने इस आंदोलन को मिथिला की अस्मिता और स्वाभिमान की लड़ाई बताया।
अनशन समाप्त होने के बाद चिंटू सिंह ने कहा कि उन्हें प्रशासन के आश्वासन पर भरोसा है और उम्मीद है कि निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध शीघ्र कार्रवाई की जाएगी, ताकि आम जनता का पुलिस व्यवस्था पर विश्वास मजबूत हो सके।
अनशन के दौरान उनकी प्रमुख मांगों में बहेड़ी थानाध्यक्ष को तत्काल निलंबित करना, एसएसपी की निगरानी में स्वतंत्र जांच समिति का गठन, बहेड़ी थाना के सीसीटीवी फुटेज, आगंतुक पंजी एवं मालखाना पंजी की फॉरेंसिक जांच तथा दोषी पाए जाने वाले पुलिसकर्मियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई करना शामिल था।
धरना स्थल पर सुनील राम, संतोष लाल देव, कुमुद राम, लक्ष्मण साहू, कृष्ण कुमार, विजय महतो, नवीन कुमार समेत बड़ी संख्या में पीड़ितजन एवं विकाश फूल, कालीचरण यादव, मुकेश कुशवाहा, रंजीत कुमार यादव, विवेक कुमार, उमेश यादव, प्रवीण कुमार सिंह, भावेश कुमार, मनीष कुमार सहित सैकड़ों समर्थक मौजूद रहे।












