-शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत 2026-27 में ज्ञानदीप पोर्टल से होगा कमजोर व अलाभकारी समूह के बच्चों का ऑनलाइन नामांकन
मुजफ्फरपुर।संवाददाता।
शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 की धारा 12(1)(सी) के अंतर्गत प्रस्वीकृति प्राप्त निजी विद्यालयों में कमजोर वर्ग एवं अलाभकारी समूह के बच्चों के नामांकन को पारदर्शी, सरल और प्रभावी बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए इन बच्चों का नामांकन अब ज्ञानदीप पोर्टल के माध्यम से पूरी तरह ऑनलाइन किया जाएगा। इस संबंध में प्रक्रिया को Go Live करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
इस संबंध में जानकारी देते हुए जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (प्राथमिक शिक्षा एवं सर्व शिक्षा अभियान) श्री सुजीत कुमार दास ने बताया कि शिक्षा का अधिकार अधिनियम की मूल भावना के अनुरूप समाज के कमजोर एवं वंचित वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से यह ऑनलाइन व्यवस्था लागू की जा रही है। इससे नामांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी, मानवीय हस्तक्षेप कम होगा और पात्र बच्चों को निजी विद्यालयों में प्रवेश का समान अवसर प्राप्त होगा।
नामांकन की समय-सारणी जारी
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने बताया कि ज्ञानदीप पोर्टल के माध्यम से नामांकन की प्रक्रिया निम्न निर्धारित समय-सारणी के अनुसार होगी—
प्रस्वीकृति प्राप्त निजी विद्यालयों द्वारा इनटेक कैपेसिटी व स्कूल की जानकारी अपडेट करने की अवधि :
22 दिसंबर 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक
छात्र पंजीकरण की अवधि :
2 जनवरी 2026 से 31 जनवरी 2026 तक
पंजीकृत छात्रों का सत्यापन :
3 जनवरी 2026 से 2 फरवरी 2026 तक
सत्यापित छात्रों का ऑनलाइन विद्यालय आवंटन :
6 फरवरी 2026
चयनित छात्रों का विद्यालय में प्रवेश :

7 फरवरी 2026 से 21 फरवरी 2026 तक
उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी संबंधित विद्यालयों एवं अभिभावकों को निर्धारित समय-सारणी का सख्ती से अनुपालन करना अनिवार्य होगा।
अलाभकारी समूह व कमजोर वर्ग की परिभाषा
श्री दास ने बताया कि अलाभकारी समूह के अंतर्गत अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, पिछड़ा वर्ग, अत्यंत पिछड़ा वर्ग, ट्रांसजेंडर एवं अल्पसंख्यक समुदाय के वे बच्चे शामिल हैं, जिनके माता-पिता अथवा वैधानिक अभिभावक की वार्षिक आय एक लाख रुपये तक हो।
वहीं कमजोर वर्ग में सभी जाति एवं समुदाय के ऐसे बच्चे शामिल होंगे, जिनके माता-पिता या वैधानिक अभिभावक की वार्षिक आय दो लाख रुपये से कम हो। इन श्रेणियों के पात्र बच्चों को निजी विद्यालयों में आरक्षित सीटों पर निःशुल्क शिक्षा दी जाएगी।
आयु सीमा व पात्रता
उन्होंने बताया कि शैक्षणिक सत्र 2026-27 में प्रवेश के लिए बच्चे की आयु 1 अप्रैल 2026 तक न्यूनतम 6 वर्ष होना अनिवार्य है। इसके तहत 2 अप्रैल 2018 से 1 अप्रैल 2020 के बीच जन्मे बच्चे प्रवेश के लिए पात्र होंगे।
ज्ञानदीप पोर्टल से होगी पूरी प्रक्रिया
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने बताया कि नामांकन की संपूर्ण प्रक्रिया ऑनलाइन होगी, जिसके लिए अभिभावक http://gyandeep-rte.bihar.gov.in पोर्टल का उपयोग कर सकते हैं। पोर्टल पर छात्र पंजीकरण, दस्तावेज अपलोड, सत्यापन और विद्यालय आवंटन की सुविधा उपलब्ध होगी। विद्यालय आवंटन पूरी तरह पारदर्शी एवं रैंडम प्रक्रिया से किया जाएगा।
व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश
श्री दास ने बताया कि आरटीई अधिनियम की धारा 12(1)(सी) के तहत प्रवेश प्रक्रिया के सफल क्रियान्वयन के लिए विद्यालय स्तर, पंचायत स्तर और प्रखंड स्तर पर व्यापक जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया गया है, ताकि कोई भी पात्र बच्चा केवल जानकारी के अभाव में नामांकन से वंचित न रह जाए।
उन्होंने कहा कि ज्ञानदीप पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन नामांकन की यह व्यवस्था शिक्षा के अधिकार अधिनियम की भावना को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जिससे कमजोर एवं वंचित वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का अवसर मिल सके।










