-राजापाकर में उर्वरक निगरानी समिति की बैठक, कालाबाजारी पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी
राजापाकर (वैशाली), संजय श्रीवास्तव। राजापाकर प्रखंड कृषि कार्यालय में उर्वरक निगरानी समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक के दौरान किसानों के बीच उर्वरकों के संतुलित उपयोग को लेकर जागरूकता अभियान चलाया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रखंड प्रमुख ललिता देवी ने की, जबकि संचालन प्रखंड कृषि पदाधिकारी आनंद मौर्य ने किया।
बैठक में एनडीए गठबंधन के सभी घटक दलों के प्रखंड अध्यक्ष, किसान सलाहकार समिति के सदस्य तथा प्रखंड के विभिन्न क्षेत्रों से आए उर्वरक विक्रेता मौजूद रहे। कृषि समन्वयक अरविंद कुमार ने किसानों से अधिक से अधिक जैविक खाद के उपयोग की अपील करते हुए कहा कि इससे मिट्टी की उर्वरा शक्ति बनी रहती है और स्वस्थ एवं गुणवत्तापूर्ण फसल का उत्पादन संभव होता है।
प्रखंड कृषि पदाधिकारी आनंद मौर्य ने बताया कि उर्वरक निगरानी समिति का मुख्य उद्देश्य किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराना, कालाबाजारी पर रोक लगाना तथा सरकारी नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि प्रखंड एवं जिला स्तर पर फसलों की आवश्यकता के अनुसार खाद की मांग और आपूर्ति की नियमित समीक्षा की जाती है।

उन्होंने सभी उर्वरक विक्रेताओं को सरकार द्वारा निर्धारित मूल्य पर ही खाद बेचने का निर्देश दिया। साथ ही चेतावनी दी कि अधिक कीमत वसूलने, खाद की जमाखोरी करने या अनियमितता पाए जाने पर संबंधित दुकानदारों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विक्रेताओं को ऑनलाइन बिक्री प्रक्रिया अपनाने तथा अपने प्रतिष्ठान में स्टॉक एवं वितरण पंजी (रजिस्टर) को अद्यतन रखने का भी निर्देश दिया गया। किसानों से अधिक पैसे लेने या खाद छिपाने की शिकायत मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।
बैठक के अंत में आत्मा (ATMA) के जिला परियोजना उपनिदेशक सियाराम साहू के निधन पर शोकसभा आयोजित की गई। उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित की।
इस अवसर पर आत्मा प्रखंड अध्यक्ष वीरचंद्र सिंह, सुबोध कुमार सिंह, नथनी प्रसाद सिंह, भीम कुमार, आलोक कुमार, शंकर राम, किसान सलाहकार रामदयाल राय, देवेंद्र प्रसाद सिंह, उर्वरक विक्रेता विनय कुमार, धर्मेंद्र कुमार, विपिन कुमार, वीरेंद्र कुमार, अरविंद कुमार सहित दर्जनों उर्वरक विक्रेता एवं अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।












