-मुजफ्फरपुर में बेलगाम बदमाश, महिला से चेन छिनतई और राहगीर का मोबाइल झपटा
-ज्वेलरी लूटकांड में भी पुलिस के हाथ खाली
मुजफ्फरपुर: जिले में अपराधियों का दुस्साहस लगातार बढ़ता जा रहा है। शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक लूट और झपटमारी की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। रविवार रात शहर में दो अलग-अलग स्थानों पर बाइक सवार बदमाशों ने चेन और मोबाइल छिनतई की वारदात को अंजाम दिया, जबकि कांटी में आभूषण व्यवसायी से हुई लाखों रुपये की लूट के मामले में भी पुलिस अब तक खाली हाथ है।
काजीमोहम्मदपुर थाना क्षेत्र के कलमबाग चौक पर रविवार रात करीब साढ़े 10 बजे बाइक सवार बदमाशों ने खबड़ा इलाके की रहने वाली इशा चंद्राकर को निशाना बनाया। बताया गया कि महिला कुल्फी खा रही थीं, तभी बाइक सवार बदमाश तेजी से पहुंचे और उनके गले से सोने की चेन झपटकर फरार हो गए। महिला जब तक शोर मचातीं, तब तक अपराधी तेज रफ्तार में निकल चुके थे।
घटना की सूचना मिलते ही काजीमोहम्मदपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल रही है ताकि अपराधियों की पहचान की जा सके। घटना के बाद महिला काफी सदमे में दिखीं। परिजन उन्हें संभालने में जुटे रहे। पीड़िता ने कहा कि वह इस शाम और इस घटना को कभी नहीं भूल पाएंगी।
घटना के बाद स्थानीय लोगों में भी नाराजगी देखी गई। लोगों का कहना है कि अपराधी अब इतने बेखौफ हो चुके हैं कि भीड़भाड़ वाले इलाकों में भी वारदात को अंजाम देकर आसानी से फरार हो जा रहे हैं।

इसी रात शहर के बेला रोड स्थित बियाडा मोड़ के समीप भी बाइक सवार दो बदमाशों ने एक अन्य वारदात को अंजाम दिया। घर लौट रहे सतीश रंजन नामक व्यक्ति के हाथ से अपराधियों ने मोबाइल फोन छीन लिया और मौके से भाग निकले। सूचना मिलने पर डायल-112 की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।
उधर, कांटी के पानापुर करियात थाना क्षेत्र के हरिदासपुर पैक्स गोदाम के पास शनिवार देर शाम आभूषण व्यवसायी धीरज कुमार से करीब तीन लाख रुपये के जेवरात लूटे जाने के मामले में भी पुलिस को अब तक कोई बड़ी सफलता नहीं मिली है। घटना के 24 घंटे से अधिक समय बीतने के बावजूद अपराधी पुलिस की पकड़ से दूर हैं।
पीड़ित व्यवसायी ने अज्ञात अपराधियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि बदमाश बाइक की डिक्की में रखा जेवरात से भरा झोला लेकर फरार हो गए। हालांकि सूझबूझ दिखाते हुए उन्होंने बाइक के हैंडल में टंगा दूसरा झोला अंधेरे का फायदा उठाकर नीचे गिरा दिया, जिससे लाखों रुपये के अतिरिक्त आभूषण बच गए।
पुलिस अब घटनास्थल और आसपास के सीसीटीवी फुटेज, डीवीआर और मोबाइल कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) के आधार पर जांच को आगे बढ़ा रही है। मुखबिर तंत्र को भी सक्रिय किया गया है।
एसडीपीओ पश्चिमी-1 सुचित्रा कुमारी ने बताया कि पुलिस की टीमें लगातार कार्रवाई में जुटी हैं और जल्द ही अपराधियों को गिरफ्तार कर मामले का खुलासा किया जाएगा।
लगातार बढ़ रही आपराधिक घटनाओं ने शहर की कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि पुलिस गश्त और निगरानी को और मजबूत करने की जरूरत है, ताकि अपराधियों के बढ़ते हौसलों पर लगाम लगाई जा सके।












