-जीएनएम कॉलेज की छात्राओं ने प्राचार्या पर लगाए गंभीर आरोप, विधायक महेंद्र राम ने जांच का दिलाया भरोसा
राजापाकर/संजय श्रीवास्तव। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) राजापाकर में जारी विवादों के बीच स्थानीय विधायक महेंद्र राम ने मंगलवार को अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। विधायक के अचानक पहुंचने से स्वास्थ्यकर्मियों में अफरा-तफरी मच गई। उन्होंने अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं, बुनियादी सुविधाओं और मरीजों को मिल रही चिकित्सा व्यवस्था का जायजा लिया। इसके साथ ही सीएचसी परिसर से सटे एएनएम एवं जीएनएम प्रशिक्षण संस्थान का भी निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान जीएनएम कॉलेज की छात्राओं ने विधायक को एक लिखित आवेदन सौंपते हुए संस्थान की प्राचार्या रिंकी कुमारी पर गंभीर आरोप लगाए। छात्राओं का कहना था कि प्रैक्टिकल परीक्षा में अच्छे अंक दिलाने के नाम पर उनसे अवैध रूप से पैसे की मांग की जा रही है। शिकायत सामने आने के बाद संस्थान परिसर में हड़कंप मच गया।
छात्राओं की शिकायत सुनने के बाद विधायक महेंद्र राम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष जांच का भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि प्रैक्टिकल परीक्षा के अंक के नाम पर अवैध वसूली का आरोप बेहद गंभीर है। शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में किसी भी तरह का भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

विधायक ने कहा कि पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने तथा दोषियों पर कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए वह वैशाली के जिलाधिकारी और सिविल सर्जन को पत्र लिखेंगे।
इससे पहले विधायक ने सीएचसी के विभिन्न वार्डों और ओपीडी का निरीक्षण किया। उन्होंने मरीजों से बातचीत कर अस्पताल में उपलब्ध दवाओं, इलाज की गुणवत्ता और अन्य सुविधाओं की जानकारी ली। साथ ही अस्पताल प्रशासन को निर्देश दिया कि मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए।
हालांकि, छात्राओं द्वारा लगाए गए आरोपों पर प्राचार्या रिंकी कुमारी का पक्ष समाचार लिखे जाने तक सामने नहीं आ सका है। विधायक के निरीक्षण और शिकायतों के बाद राजापाकर के स्वास्थ्य एवं प्रशिक्षण संस्थान में हलचल तेज हो गई है।












