Advertisement

पटना में व्यवसायिक समागम: हर तीन माह पर व्यवसायियों संग डीएम-एसपी करेंगे बैठक, उद्योग नीति में बदलाव को सरकार तैयार – मुख्यमंत्री

-पटना में व्यवसायिक समागम: हर तीन माह पर व्यवसायियों संग डीएम-एसपी करेंगे बैठक, उद्योग नीति में बदलाव को सरकार तैयार – मुख्यमंत्री

पटना, 24 मई 2026। बिहार में उद्योग और निवेश को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित ‘व्यवसायिक समागम’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने व्यवसायियों को भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार उनकी सुरक्षा और उद्योगों के विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने घोषणा की कि अब प्रत्येक तीन माह पर जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक जिला स्तर पर व्यवसायियों के साथ नियमित बैठक करेंगे, ताकि सुरक्षा और व्यवसाय से जुड़ी समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा सके।

बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के शताब्दी वर्ष के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार में उद्योगों का विस्तार ही राज्य की तस्वीर बदल सकता है। उन्होंने कहा कि “सबका विकास तभी संभव है जब सभी की समृद्धि सुनिश्चित हो।” उन्होंने उद्योगपतियों से बिहार में निवेश बढ़ाने का आह्वान करते हुए कहा कि यदि औद्योगिक नीति में किसी प्रकार के बदलाव की आवश्यकता महसूस होती है तो उद्योग मंत्री से मिलें, सरकार व्यवसायियों के सुझावों के अनुरूप नीति तैयार करने को तैयार है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने निजी निवेश आकर्षित करने के लिए बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन पैकेज-2025 लागू किया है और जरूरत पड़ने पर इसमें और सुधार किए जाएंगे। उन्होंने भरोसा दिलाया कि बिहार में निवेश के लिए बेहतर माहौल बनाया जा रहा है और सरकार सुरक्षा एवं विश्वास के दो महत्वपूर्ण पहलुओं पर लगातार काम कर रही है।

उन्होंने कहा कि बिहार में अपराध के खिलाफ त्वरित कार्रवाई की व्यवस्था लागू है और कानून व्यवस्था को मजबूत किया गया है। अपराधी का कोई जाति या धर्म नहीं होता, अपराधी सिर्फ अपराधी होता है। सरकार व्यवसायियों की सुरक्षा सुनिश्चित करेगी।

मुख्यमंत्री ने आधारभूत संरचना के क्षेत्र में भी कई बड़ी घोषणाएं कीं। उन्होंने बताया कि अगले तीन वर्षों में गंगा और सोन नदी पर 126 किलोमीटर लंबा मरीन ड्राइव बनाया जाएगा। उत्तर और दक्षिण बिहार को जोड़ने के लिए पांच नए पुलों का निर्माण कराया जा रहा है। राघोपुर ब्रिज के शुरू होने से समस्तीपुर, हाजीपुर और मुजफ्फरपुर जैसे जिले पटना से बेहतर तरीके से जुड़ जाएंगे।

उन्होंने कहा कि बिहार में एमएसएमई सेक्टर को मजबूत करने, बंद चीनी मिलों को फिर से शुरू करने, ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप विकसित करने और शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में सरकार लगातार काम कर रही है। राज्य के सभी 534 प्रखंडों में मॉडल स्कूल खोले जाएंगे ताकि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित हो सके।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार ज्ञान, संस्कृति और विकास की भूमि है। बिहार को ऐसा राज्य बनाना है जहां दूसरे देशों के छात्र भी पढ़ाई के लिए आएं। तकनीक और उद्योग के क्षेत्र में बिहार को आगे बढ़ाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है।

कार्यक्रम में बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष पी.के. अग्रवाल सहित विभिन्न व्यावसायिक संगठनों से जुड़े प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में उद्योग जगत के लोग मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने बिहार चैंबर द्वारा संचालित कौशल विकास प्रशिक्षण केंद्र का निरीक्षण भी किया और प्रशिक्षण प्राप्त कर रही महिलाओं से बातचीत की।