-‘बिहार टेक’ पोर्टल बनेगा स्टार्टअप और उद्योगों का नया मंच, 5 वर्षों में उद्योग की पहचान बनेगा बिहार : सम्राट चौधरी
पटना, 19 जून। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने घोषणा की है कि राज्य में स्टार्टअप और उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए जल्द ही ‘बिहार टेक’ पोर्टल का निर्माण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस पहल से बिहार में आईटी इंडस्ट्री, स्टार्टअप और निवेश को नई गति मिलेगी तथा आने वाले पांच वर्षों में बिहार उद्योग के क्षेत्र में देशभर में अपनी अलग पहचान बनाएगा।
मुख्यमंत्री शुक्रवार को पटना के राजीवनगर स्थित सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क ऑफ इंडिया (एसटीपीआई) में आयोजित आईटी इंडस्ट्री एवं स्टार्टअप संगठनों के संवाद कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में भारत सरकार के रेल, सूचना एवं प्रसारण तथा इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव भी मौजूद रहे।
संवाद कार्यक्रम के दौरान विभिन्न स्टार्टअप और आईटी संगठनों के प्रतिनिधियों ने अपने अनुभव, सुझाव और चुनौतियों को साझा किया। मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री ने उनकी बातों को गंभीरता से सुना तथा आवश्यक सुझावों को उचित मंच और समर्थन उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समृद्ध बिहार के विजन को साकार करने के लिए राज्य सरकार लगातार काम कर रही है। उन्होंने बताया कि उद्योगों के लिए 2 लाख एकड़ सरकारी भूमि चिह्नित की गई है तथा 11 नए सैटेलाइट टाउनशिप विकसित किए जा रहे हैं। निवेशकों को हर संभव सुविधा प्रदान की जा रही है और उद्योग स्थापना में आने वाली बाधाओं को तेजी से दूर किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा शुरू किए गए सहयोग पोर्टल और सहयोग शिविर के माध्यम से जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा रहा है। अब तक 3 लाख 26 हजार से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें अधिकांश मामलों का निस्तारण किया जा चुका है। यदि किसी आवेदन पर 30 दिनों के भीतर कार्रवाई नहीं होती है तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ मुख्यमंत्री कार्यालय से कार्रवाई की व्यवस्था की गई है।
मुख्यमंत्री ने स्टार्टअप से जुड़े युवाओं के सुझावों को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि जहां कानूनी या प्रशासनिक अड़चनें होंगी, उन्हें दूर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि बिहार के युवा राज्य में ही स्टार्टअप स्थापित कर रोजगार के नए अवसर सृजित करें, सरकार उनकी हर संभव सहायता करेगी।
उन्होंने कहा, “हम बिहार को ऐसा बनाएंगे कि अगले पांच वर्षों में राज्य उद्योग और उद्यमिता के लिए जाना जाएगा। बिहार ज्ञान की भूमि है और सरकार ऐसी व्यवस्था विकसित कर रही है कि राज्य के छात्र उच्च शिक्षा के लिए बाहर जाने के बजाय बिहार में ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त कर सकें।”
कार्यक्रम से पूर्व मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने एसटीपीआई परिसर में लगाए गए विभिन्न स्टार्टअप स्टॉलों का निरीक्षण किया और नवाचारों की जानकारी ली।
कार्यक्रम को केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव, नगर विकास एवं आवास तथा सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री नीतीश मिश्रा, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत और एसटीपीआई के महानिदेशक अरविंद कुमार ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, संजय कुमार सिंह सहित कई वरिष्ठ अधिकारी और आईटी एवं स्टार्टअप क्षेत्र से जुड़े प्रतिनिधि उपस्थित थे।












