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ढोली एवं कर्पूरीग्राम रेलवे स्टेशनों का DRM विवेक भूषण सूद ने किया औचक निरीक्षण

-ढोली एवं कर्पूरीग्राम रेलवे स्टेशनों का DRM विवेक भूषण सूद ने किया औचक निरीक्षण

-सुविधाओं के सुधार को लेकर दिए गए निर्देश

हाजीपुर/मुजफ्फरपुर।ब्यूरो।

सोनपुर मंडल अंतर्गत ढोली एवं कर्पूरीग्राम रेलवे स्टेशनों का आज मंडल रेल प्रबंधक (DRM) विवेक भूषण सूद ने वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक रौशन कुमार के साथ औचक निरीक्षण किया। यह निरीक्षण यात्रियों को मिलने वाली सुविधाओं की गुणवत्ता, स्वच्छता, सुरक्षा व्यवस्था तथा डिजिटल सेवाओं के आकलन के उद्देश्य से किया गया।

निरीक्षण के दौरान DRM ने यात्री प्रतीक्षालय, जलापूर्ति व्यवस्था, टिकट काउंटर, प्लेटफॉर्म, रोशनी और सफाई की मौजूदा स्थिति का गहन अवलोकन किया। उन्होंने मौके पर मौजूद स्टेशन अधीक्षकों और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक सुधारात्मक निर्देश भी दिए।

🔍 निरीक्षण की मुख्य बिंदु विशेषताएँ:

स्वच्छता एवं पर्यावरण:

प्लेटफॉर्म, पथमार्ग व शौचालयों की सफाई की समीक्षा

स्वच्छ भारत मिशन के अनुरूप सफाई मानकों पर विशेष ध्यान

नियमित सफाई चक्र को और बेहतर करने के निर्देश

यात्री सुविधाएं:

प्रतीक्षालयों में बैठने की पर्याप्त व्यवस्था की समीक्षा

पेयजल स्रोतों और वॉटर वेंडिंग मशीनों की जांच

प्रकाश व्यवस्था और विद्युत आपूर्ति की सततता का मूल्यांकन


टिकटिंग और डिजिटल सेवाएं:

टिकट काउंटरों पर भीड़ कम करने हेतु सुधार के निर्देश

ऑटोमैटिक टिकट वेंडिंग मशीन की कार्यप्रणाली की जांच

Wi-Fi सुविधा और डिजिटल डिस्प्ले बोर्डों की स्थिति की समीक्षा

सुरक्षा एवं सतर्कता:

CCTV कवरेज और RPF की उपस्थिति की पुष्टि

इमरजेंसी हेल्पलाइन और यात्रियों की जागरूकता पर विशेष बल

📌 DRM द्वारा दिए गए प्रमुख निर्देश:

प्लेटफॉर्म की ऊंचाई में ज़रूरत के अनुसार संशोधन

छायादार बैठने की व्यवस्था में वृद्धि

दिव्यांग यात्रियों के लिए रैंप, संकेत बोर्ड और प्राथमिकता सेवा

स्टेशन परिसरों में हरित क्षेत्र को बढ़ावा देने की पहल

निरीक्षण के अंत में DRM विवेक भूषण सूद ने स्थानीय रेलवे कर्मियों से भी संवाद किया और उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना। संबंधित विभागों को जल्द समाधान के निर्देश दिए गए।

रेलवे प्रशासन की ओर से स्पष्ट संकेत दिया गया कि यात्रियों की सुविधा, सुरक्षा, और संचार सेवाओं में गुणवत्ता बनाए रखना प्राथमिकता है। इस तरह के निरीक्षण यह भी दर्शाते हैं कि रेलवे केवल बड़े स्टेशनों पर ही नहीं, बल्कि ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में भी सुनियोजित सुधार की दिशा में प्रतिबद्ध है।