-मुजफ्फरपुर में हर माह 150 महिलाएं-युवतियां लापता, 1335 मामलों में 894 की बरामदगी
मुजफ्फरपुर। जिले में महिलाओं और युवतियों की गुमशुदगी को लेकर पुलिस के सामने गंभीर स्थिति सामने आई है। पुलिस कप्तान कांतेश कुमार मिश्रा के अनुसार जिले के अलग-अलग थानों में हर महीने करीब 150 महिलाओं और युवतियों के लापता होने की शिकायत दर्ज हो रही है। इस हिसाब से औसतन हर दिन करीब पांच महिलाएं या युवतियां गुम होने की सूचना पुलिस तक पहुंच रही है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने गुमशुदा महिलाओं और युवतियों की बरामदगी को प्राथमिकता में शामिल किया है।
पुलिस के अनुसार जनवरी से अब तक जिले के विभिन्न थानों में महिलाओं और युवतियों की गुमशुदगी के कुल 1335 मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें पुलिस ने 894 महिलाओं और युवतियों को बरामद कर लिया है। करीब 50 महिलाओं और युवतियों को दूसरे राज्यों से सुरक्षित बरामद कर मुजफ्फरपुर लाया गया है। गुमशुदा लोगों की तलाश के लिए अगस्त से ‘ऑपरेशन तलाश’ चलाया जा रहा है। सभी थानों की पुलिस को जल्द से जल्द बरामदगी का निर्देश दिया गया है।

महिलाओं की सुरक्षा के लिए शहर के अलग-अलग इलाकों में ‘पुलिस दीदी’ की तैनाती की गई है। पुलिस का उद्देश्य महिलाओं और युवतियों को जरूरत के समय सुरक्षा संबंधी सहायता उपलब्ध कराना है। वहीं, अभियान के दौरान मानव तस्करी से जुड़ा गंभीर मामला भी सामने आया। पुलिस ने दो लापता युवतियों को बरामद किया, जिनसे कथित तौर पर देह व्यापार कराया जा रहा था। इसके बाद मानव तस्करी और महिलाओं के शोषण से जुड़े मामलों पर पुलिस ने निगरानी और बढ़ा दी है।
एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने कहा कि शहर में ब्यूटी पार्लर और मसाज पार्लर की आड़ में यदि कहीं अवैध रूप से देह व्यापार संचालित होने की सूचना मिलती है तो पुलिस तत्काल कार्रवाई करेगी। उन्होंने लोगों से ऐसे मामलों की सूचना पुलिस को देने की अपील की और कहा कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
पुलिस कप्तान ने अभिभावकों और युवतियों से भी सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने कहा कि किसी अनजान या अपरिचित व्यक्ति के साथ घर से बाहर जाने से बचें। महिलाओं की सुरक्षा और गुमशुदा महिलाओं एवं युवतियों की बरामदगी के लिए पुलिस का अभियान लगातार जारी रहेगा।












