-मंदिर की 17 एकड़ जमीन की अवैध खरीद-बिक्री का मामला गरमाया, धार्मिक न्यास पर्षद ने डीएम से मांगी जांच रिपोर्ट
मुजफ्फरपुर। जिले के मुशहरी प्रखंड के भीखनपुर गांव में देवी-देवताओं के नाम दर्ज करीब 17 एकड़ 0.43 डिसमिल बेशकीमती जमीन की कथित अवैध खरीद-बिक्री और हस्तांतरण का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। मामले को गंभीरता से लेते हुए बिहार राज्य धार्मिक न्यास पर्षद ने मुजफ्फरपुर जिला प्रशासन से तत्काल विस्तृत जांच रिपोर्ट तलब की है। पर्षद के अध्यक्ष प्रो. रणबीर नंदन ने इस संबंध में जिला पदाधिकारी को औपचारिक पत्र भेजकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है।
बताया गया है कि जमीन से जुड़े विवाद और कथित अवैध हस्तांतरण को लेकर पूर्व में मुशहरी के अंचल अधिकारी से रिपोर्ट मांगी गई थी, लेकिन रिपोर्ट अब तक पर्षद को उपलब्ध नहीं कराई गई। रिपोर्ट नहीं मिलने को गंभीरता से लेते हुए अब धार्मिक न्यास पर्षद ने सीधे जिला पदाधिकारी से हस्तक्षेप कर मामले की जांच कराने को कहा है।

पर्षद ने जांच के दौरान भीखनपुर गांव स्थित देवी-देवताओं की जमीन के खाता, खेसरा और रकबा का मिलान पंजी-02 में दर्ज अभिलेखों से कराने को कहा है। इसके साथ ही किसी वरीय प्रशासनिक पदाधिकारी की निगरानी में स्थल निरीक्षण कर राजस्व अभिलेखों और जमीन से जुड़े अन्य दस्तावेजों की गहन जांच कराने का निर्देश दिया गया है।
जांच में मंदिर के वर्तमान प्रबंधन की स्थिति, धार्मिक गतिविधियों, मंदिर की वार्षिक आय और वर्तमान में उपलब्ध संपत्तियों का भी विस्तृत ब्योरा तैयार करने को कहा गया है। इससे यह स्पष्ट किया जा सकेगा कि मंदिर और देवी-देवताओं के नाम दर्ज जमीन की वास्तविक स्थिति क्या है तथा जमीन के संबंध में किस स्तर पर अनियमितता हुई।
धार्मिक न्यास पर्षद ने डीएम को निर्देश दिया है कि किसी वरीय अधिकारी से पूरे मामले की जांच कराकर विस्तृत जांच आख्या जल्द पर्षद को उपलब्ध कराई जाए, ताकि जमीन की कथित अवैध खरीद-बिक्री में शामिल लोगों की भूमिका सामने आने पर उनके खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जा सके। मामले में अब जिला प्रशासन की जांच रिपोर्ट पर सभी की नजर है।











