-बालिकाओं के उत्थान से बदलेगी सामाजिक परिवेश, युवाओं की भी काउंसलिंग जरूरी:पूर्व कुलपति
-महमदपुर सुरा में धार्मिक अनुष्ठान का उद्घाटन
-वक्ताओं ने वर्तमान सामाजिक हालात पर जताई चिंता
-कहा:हमें सम्भलना और सामाजिक सरोकारों एवं संस्कारों से जुड़ना चाहिए
मुजफ्फरपुर। दीपक तिवारी।
सिय-पिय मिलन समारोह सह संगीतमय धार्मिक अनुष्ठान कार्यक्रम का आयोजन
जनकधाम,महमदपुर सुरा में किया गया है।जिसका दीप जलाकर उद्घाटन पूर्व कुलपति 95 वर्षीय डॉ गोपालजी त्रिवेदी ने किया।
मौके पर सिमरा मिड्ल स्कूल की छात्रा निकिता अदिति ने स्वागत गान प्रस्तुत की।
वहीं कार्यक्रम संचालन सह मिथिला स्वागत गीत प्रस्तुति दिनेश यादव(शिक्षक,मध्य विद्यालय सिमरा) द्वारा प्रस्तुत किया गया।इस दौरान अतिथीयों का स्वागत फूल माला,धार्मिक पुस्तक,पाग आदि से किया गया।मिथिला परम्परा से खीर खिलाकर मुंह मीठा कराया गया।

इस दौरान पूर्व कुलपति डॉ गोपालजी त्रिवेदी ने लोगों को सम्बोधित करते हुए कहा कि त्रिवेदी- देवों में महादेव के रूप में बाबा भोलेनाथ जाने जाते हैं। श्रीराम के इष्ट शिव हैं और शिव के इष्ट श्रीराम हैं।मिथिलांचल देवभूमि है।इसे जागृत करने की जरूरत है। यह इलाका देव कर्म प्रिय रहा है।
उन्होंने कहा कि मुजफ्फरपुर आकर्षक एवं उत्प्रेरक जिला है। हमारा स्थानीय क्षेत्र कुछ कारणों से पिछड़ा हुआ।इसके लिए हमलोग स्वयं जिम्मेवार हैं। खुद लापरवाह हैं।कहा कि पानी हमारे लिए वरदान है। बाढ़-बरसात की जलजमाव वाले चुनौती को हम संकट नहीं बल्कि अवसर में बदलें। हम इसे चुनौती के रूप में लें।
उन्होंने बच्चियों के सर्वांगीण विकास पर जोर दिया। 15 से 35 साल के लड़कों के काउंसलिंग के लिए सेंटर बनाया जाएगा। उन्हें पेट एवं पॉकेट भरने के कॉन्सेप्ट को बताया समझाया जाएगा। चिंतन किया जाएगा।इस दौरान आरएसएस के सीनियर एक्टिविस्ट रवि जी एवं अन्य आमंत्रित गणमान्य भी थे।












