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दो बेटियों की शादी, एक की विदाई तो दूसरी पर बवाल—निकाह के बाद दूल्हे को ठुकराने से मचा हंगामा

-दो बेटियों की शादी, एक की विदाई तो दूसरी पर बवालनिकाह के बाद दूल्हे को ठुकराने से मचा हंगामा

मुरादाबाद।शहनाइयों की गूंज और खुशियों से भरे माहौल के बीच एक शादी समारोह उस वक्त विवाद में बदल गया, जब विदाई के समय एक पिता ने अपनी ही बेटी के दूल्हे को स्वीकार करने से इनकार कर दिया। यह मामला उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद का बताया जा रहा है, जिसकी चर्चा अब हर तरफ हो रही है।
जानकारी के अनुसार, एक ही घर से दो बेटियों की शादी तय थी। दोनों बारातें आईं, पूरे रीति-रिवाज और अदब-तहजीब के साथ निकाह की रस्म अदा की गई। मेहमाननवाजी में कोई कमी नहीं छोड़ी गई और माहौल पूरी तरह खुशियों से सराबोर रहा।
लेकिन जैसे ही विदाई का समय आया, माहौल अचानक बदल गया। एक बेटी को तो हंसी-खुशी विदा कर दिया गया, लेकिन दूसरी बेटी के मामले में पिता ने अचानक ऐलान कर दिया कि उन्हें यह दूल्हा मंजूर नहीं है। इस फैसले से मौके पर मौजूद लोग हैरान रह गए।


देखते ही देखते समारोह स्थल पर अफरा-तफरी मच गई। बाराती और घराती दोनों पक्ष के लोग सकते में आ गए। सवाल उठने लगा कि जब दूल्हा पसंद नहीं था, तो निकाह क्यों होने दिया गया। इस पर पिता का जवाब था कि “दिल ने गवाही नहीं दी।”
काफी देर तक समझाने-बुझाने का दौर चला, रिश्तेदारों और परिजनों ने मामले को सुलझाने की कोशिश की, लेकिन पिता अपने फैसले पर अड़े रहे। आखिरकार मामला पंचायत तक पहुंच गया, जहां दोनों पक्षों के बीच बातचीत कर समाधान निकालने की कोशिश की जा रही है।
यह घटना अब इलाके में चर्चा का विषय बन गई है। कुछ लोग इसे पिता का अधिकार मान रहे हैं, तो कुछ इसे बेटी की जिंदगी के साथ खिलवाड़ बता रहे हैं।
इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि शादी जैसे अहम फैसले में सिर्फ रस्मों का निभाना ही काफी है या फिर दिल की रजामंदी को भी उतनी ही अहमियत दी जानी चाहिए।