-RJD का आरोप: ग्रामीणों पर ₹1200 वार्षिक टैक्स और स्टेट हाईवे टोल जनता पर बोझ, सरकार वापस ले फैसला
पटना, 3 जुलाई 2026। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने राज्य सरकार की प्रस्तावित कर नीतियों को जनविरोधी बताते हुए कड़ा विरोध जताया है। पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता एजाज अहमद ने आरोप लगाया कि शहरी क्षेत्रों में टैक्स बढ़ाने के बाद अब सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में प्रत्येक घर पर ₹1200 वार्षिक टैक्स और स्टेट हाईवे पर टोल टैक्स लागू कर आम जनता पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालने की तैयारी कर रही है।
एजाज अहमद ने कहा कि सरकार चुनावी खर्च के कारण खाली हुए खजाने को भरने के लिए जनता पर नए-नए टैक्स थोप रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कैबिनेट से प्रस्ताव को मंजूरी देकर ग्रामीण परिवारों से भी सालाना टैक्स वसूलने की दिशा में कदम उठाए जा रहे हैं, जो आम लोगों के हितों के खिलाफ है।

राजद प्रवक्ता ने कहा कि राज्य में रोजगार और विकास के पर्याप्त अवसर उपलब्ध नहीं कराए जा रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में आज भी बुनियादी सुविधाओं का अभाव है और अधिकांश लोग खेती एवं मजदूरी के सहारे जीवन-यापन करते हैं। ऐसे समय में प्रत्येक घर पर ₹1200 वार्षिक टैक्स लगाने की बात ग्रामीणों की आर्थिक परेशानियों को और बढ़ाएगी।
उन्होंने महात्मा गांधी के ग्राम स्वराज की अवधारणा का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार का दायित्व गांवों में विकास, रोजगार और आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना है, लेकिन वर्तमान सरकार विकास के बजाय राजस्व वसूली पर अधिक जोर दे रही है।
एजाज अहमद ने कहा कि भाजपा के नेतृत्व वाली बिहार सरकार की नीतियां ग्रामीण क्षेत्रों के लिए संकट पैदा करने वाली हैं। उन्होंने सरकार से प्रस्तावित कर व्यवस्था पर पुनर्विचार करने और जनता पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ नहीं डालने की मांग की।












