Advertisement

शराबबंदी पर बड़ा सवाल: एसकेएमसीएच के वार्ड में मरीज के बेड तक पहुंची शराब, दो हिरासत में

-शराबबंदी पर बड़ा सवाल: एसकेएमसीएच के वार्ड में मरीज के बेड तक पहुंची शराब, दो हिरासत में

मुजफ्फरपुर। बिहार में लागू शराबबंदी कानून के बीच श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (एसकेएमसीएच) से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। आर्थो इंडोर वार्ड संख्या-2 में भर्ती एक मरीज के बेड तक शराब पहुंचने के खुलासे के बाद अस्पताल प्रशासन, पुलिस और उत्पाद विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। पुलिस ने मौके से शराब बरामद कर दो लोगों को हिरासत में लिया है तथा प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार गुरुवार को आर्थो इंडोर वार्ड संख्या-2 के बेड नंबर-1 के पास शराब जैसी दुर्गंध आने पर मरीजों के परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंचे नर्सिंग स्टाफ और सुरक्षा कर्मियों ने जांच की तो मरीज के बेड पर रखी कोल्ड ड्रिंक की बोतल में शराब होने का पता चला। पुलिस ने मौके से करीब 350 एमएल शराब जब्त की।
जांच के दौरान वार्ड के सामने स्थित ऑक्सीजन प्लांट और अल्ट्रासाउंड कक्ष की खिड़की के बाहर बड़ी संख्या में शराब की खाली बोतलें भी मिलीं। इससे अस्पताल परिसर में लंबे समय से शराब सेवन किए जाने की आशंका जताई जा रही है।


सूचना मिलने पर एसकेएमसीएच ओपी पुलिस मौके पर पहुंची और सुरक्षा कर्मियों की मदद से दो संदिग्धों को हिरासत में लिया। बताया गया कि दोनों के मुंह से शराब की गंध आ रही थी, जिसके बाद उनकी ब्रेथ एनालाइजर से जांच कराई गई।
वार्ड में भर्ती अन्य मरीजों ने आरोप लगाया कि वैशाली जिले के गोरौल निवासी एक भर्ती मरीज और उसके स्वजन अक्सर वार्ड में शराब पीते थे। उनका कहना है कि कोल्ड ड्रिंक की बोतल में शराब रखकर गिलास से उसका सेवन किया जाता था। देर रात तक होने वाले शोर-शराबे और हंगामे से अन्य मरीजों को भी परेशानी होती थी। शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं होने का आरोप भी लगाया गया है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए एसकेएमसीएच अधीक्षक डॉ. महेश प्रसाद ने वार्ड इंचार्ज रेखा भारती से 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण मांगा है। उन्होंने कहा कि मरीजों की गतिविधियों पर निगरानी रखना भी वार्ड प्रभारी की जिम्मेदारी है और मामले की रिपोर्ट वरीय अधिकारियों को भेजी जाएगी।
वहीं वार्ड ब्वाय राहुल कुमार के बयान पर अहियापुर थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है। प्राथमिकी में भर्ती मरीज बबलू शर्मा के स्वजन राजेश कुमार और उनके पिता चंदेश्वर ठाकुर को नामजद किया गया है।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि अस्पताल परिसर के भीतर शराब कैसे पहुंची और इसकी आपूर्ति कौन कर रहा था। हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ के आधार पर पूरे नेटवर्क और सप्लाई चेन की जांच की जा रही है।