चंपारण की खबर::
-पक्षकारों के बीच अधिवक्ता एक महत्वपूर्ण कड़ी हैं : जिला जज
मोतिहारी / राजन द्विवेदी ।
पक्षकारों के बीच अधिवक्ता एक महत्वपूर्ण कड़ी होते है। वे पक्षकारों को समझाए कि मुकदमा लड़ने से किसी पक्ष का फायदा नहीं होने वाला है। पक्षकार अधिवक्ताओं के बातों को विशेष महत्व देते है। वे अधिवक्ताओं से अपेक्षा करते हैं कि वे लोक अदालत में मामले निपटाने के लिए महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वहन करें। उक्त बातें आज जिला विधिक सेवा प्राधिकार के अध्यक्ष सह जिला एवं सत्र न्यायाधीश देवराज त्रिपाठी ने वर्ष के प्रथम राष्ट्रीय लोक अदालत समारोह की अध्यक्षता करते हुए अध्यक्षीय संबोधन में कहीं। वहीं उन्होंने कहा कि लोक अदालत पक्षकारों के लिए आपसी सामंजस्य, भाईचारे के लिए एक सुनहरा प्लेटफार्म देता है। जहां मोकादमों में दोनों पक्ष विजयी होकर घर जाते हैं। सबसे बड़ी बात है कि लोक अदालत से हुए वादों के निपटारे का कोई अपील भी नहीं होता है। वहीं जिलाधिकारी सह प्राधिकार के उपाध्यक्ष सौरभ जोरवाल ने कहा कि पटना के बाद पूर्वी चंपारण राज्य का सबसे बड़ा जिला है। यहां लोक अदालत के प्रति लोगों में जागरुकता बढ़ी है। प्राधिकार का कुशल नेतृत्व है कि यहां वादों का निस्तारण अन्य जिलों के अपेक्षा देरकाफी अधिक होता है। वे अपने स्तर से लोक अदालत के सफलता में महत्वपूर्ण योगदान देते रहेगें। पुलिस अधीक्षक सह प्राधिकार के सदस्य कांतेश कुमार मिश्रा ने कहा कि लोक अदालत लोगों के लिए मील का पत्थर साबित हो रहा है। अन्य समस्याओं के लिए भी लोक अदालत महती भूमिका निभा रही है। पुलिस प्रशासन की ओर से राष्ट्रीय लोक अदालत की सफलता को लेकर जो भी सहयोगात्मक कार्य होगा, वह पुरा करेगें। वहीं बिहार स्टेट बार काउंसिल के पूर्व सदस्य सह जिला विधिज्ञ संघ के पूर्व सचिव राजीव कुमार द्विवेदी उर्फ पप्पू दुबे ने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत की सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि इसका प्रचार प्रसार सुदूर गांवों तक हो। साथ ही वादों के निष्पादन में उदारता बरती जाए। लोक अदालत की सफलता को लेकर अधिवक्ता हमेशा सहयोगात्मक रहता है। संघ के उपाध्यक्ष विनय कुमार सिंह एवम संयुक्त सचिव रविभूषण सिन्हा ने लोक अदालत की महता का विस्तृत चर्चा किए। समारोह का संचालन मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी सीमा कुमारी व धन्यवाद ज्ञापन प्राधिकार के सचिव सह सब जज अरूण कुमार सिन्हा ने की। मौके पर न्यायधीश संजय कुमार, मुकुंद कुमार, सूर्यकांत तिवारी, राकेश कुमार तिवारी, राजाराम संतोष कुमार, रविशंकर, सीमा कुमारी, लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी, पंकज कुमार तिवारी, राजेश कुमार दुबे, शिवम सिंह, नेहा नैयर, मुकेश कुमार, स्वाति सुमन, नंदनी सुमन, अर्चना कुमारी, अलका पाण्डेय, श्री निवास शर्मा सहित अधिवक्तगण उपस्थित थे।

– 2766 मामलों का निपटारा
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आज राष्ट्रीय लोक अदालत में 2766 मामले निपटाए गए। वहीं बैंक के 72975081 रुपए सेटलमेंट हुए। बी एस एन एल के 36797 रुपए वसूल पाए गए। क्लेम वादों में 25310000 रुपए का सेटलमेंट हुआ। वहीं माप तौल से 394500 रुपए दंड वसूले गए। सबसे अधिक कोर्ट वादों का निष्पदन बेंच न.8 में हुआ। जहां त्वरित कार्य करते हुए न्यायाधीश लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी ने 60 सुलहनीय वादों का निष्पादन किए। उक्त बेंच में न्यायधीश लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी, पैनल अधिवक्ता दिनेश्वर प्रसाद एवम विजय कुमार सिंह थे।











