Advertisement

मोतीहारी में आधार अपडेट के नाम पर वसूली गैंग का भंडाफोड़, छापेमारी में खुली बड़ी पोल

-मोतीहारी में आधार अपडेट के नाम पर वसूली गैंग का भंडाफोड़, छापेमारी में खुली बड़ी पोल

मोतीहारी। पहचान के सबसे अहम दस्तावेज आधार कार्ड को ही कमाई का जरिया बनाने का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। छतौनी थाना क्षेत्र के छोटा बरियारपुर स्थित एक कॉमन सर्विस सेंटर पर आधार अपडेट और सुधार के नाम पर आम लोगों से खुलेआम अवैध वसूली की जा रही थी। आरोप है कि यहां ₹500 से ₹1000 तक की रकम ली जा रही थी, जबकि सरकार द्वारा निर्धारित शुल्क बेहद कम है।

बताया जाता है कि बिना अतिरिक्त पैसे दिए किसी का काम आगे नहीं बढ़ता था। लोग घंटों लाइन में खड़े रहते, लेकिन “नजराना” दिए बिना आधार सुधार या अपडेट कराना मुश्किल था। यह खेल लंबे समय से सेटिंग के तहत चल रहा था, जिससे आम जनता को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा था।

मामले की शिकायत प्रशासन तक पहुंचने के बाद सदर एसडीओ निशांत सिहारा ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अचानक छापेमारी की। छापे के दौरान कई अनियमितताएं सामने आईं, जिन्हें देखकर अधिकारी भी हैरान रह गए। जांच में पाया गया कि हर स्तर पर नियमों की अनदेखी की जा रही थी।

r

कार्रवाई के दौरान आधार बनाने और अपडेट करने में इस्तेमाल हो रही मशीनें और अन्य उपकरण जब्त कर लिए गए। शुरुआती जांच में यह स्पष्ट हुआ कि सेंटर संचालक तय सरकारी शुल्क से कई गुना अधिक वसूली कर रहा था।

स्थानीय लोगों का कहना है कि जिले के अधिकांश आधार केंद्रों पर इसी तरह की स्थिति है—जहां “पैसा दो, काम लो” का चलन आम हो गया है। बिना पैसे दिए लोगों को बार-बार चक्कर लगाने पड़ते हैं।

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आधार कार्ड बनवाने या अपडेट कराने के लिए केवल सरकार द्वारा निर्धारित शुल्क ही लिया जा सकता है। इससे अधिक वसूली पूरी तरह गैरकानूनी है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल मामले में कानूनी प्रक्रिया जारी है और संबंधित लोगों से पूछताछ की जा रही है। अब बड़ा सवाल यह है कि क्या इस कार्रवाई के बाद अन्य ऐसे केंद्रों पर भी सख्ती होगी या फिर यह अवैध खेल किसी और जगह शिफ्ट होकर दोबारा शुरू हो जाएगा।