–एमजीसीयू के तृतीय दीक्षांत समारोह को मिली गरिमा, राज्यपाल व उपमुख्यमंत्री की सहमति
-कुलपति ने की शिष्टाचार भेंट, उच्च शिक्षा के भविष्य पर हुआ सार्थक संवाद
मोतिहारी, राजन द्विवेदी।
महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय (एमजीसीयू) के कुलपति प्रो. संजय श्रीवास्तव ने विश्वविद्यालय के मुख्य प्रॉक्टर प्रो. प्रसून दत्त के साथ बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन से राजभवन में शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर कुलपति ने राज्यपाल महोदय को विश्वविद्यालय के तृतीय दीक्षांत समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में पधारने के लिए औपचारिक आमंत्रण प्रदान किया, जिसे उन्होंने सहर्ष स्वीकार किया।
इसके उपरांत, कुलपति प्रो. संजय श्रीवास्तव ने बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से भी शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान उपमुख्यमंत्री को भी तृतीय दीक्षांत समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया, जिसे उन्होंने प्रसन्नतापूर्वक स्वीकार करते हुए विश्वविद्यालय के प्रयासों की सराहना की।

उल्लेखनीय है कि एमजीसीयू के आगामी तृतीय दीक्षांत समारोह के मुख्य अतिथि के रूप में भारत के उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन की गरिमामयी उपस्थिति प्रस्तावित है। जिससे यह समारोह राष्ट्रीय स्तर पर विशेष महत्व प्राप्त करेगा।
राज्यपाल के साथ हुई बैठक में बिहार में उच्च शिक्षा के समग्र परिदृश्य, उससे जुड़ी चुनौतियों एवं संभावनाओं पर गंभीर एवं रचनात्मक विचार-विमर्श हुआ। चर्चा के दौरान शैक्षणिक गुणवत्ता के उन्नयन, अनुसंधान एवं नवाचार को बढ़ावा देने, तथा विद्यार्थियों को समकालीन आवश्यकताओं के अनुरूप सक्षम बनाने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेष बल दिया गया। कुलपति प्रो. श्रीवास्तव ने विश्वविद्यालय की विभिन्न शैक्षणिक पहलों एवं भावी योजनाओं की जानकारी साझा करते हुए राज्य की उच्च शिक्षा व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने के लिए अपने विचार प्रस्तुत किए।
यह शिष्टाचार भेंट न केवल एमजीसीयू के तृतीय दीक्षांत समारोह को और अधिक गरिमामय एवं विशिष्ट बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, बल्कि बिहार में उच्च शिक्षा के विकास को नई दिशा देने वाले सार्थक संवाद के रूप में भी देखा जा रहा है।








