महागठबंधन की प्रेस वार्ता में दिखा बिखराव, नहीं आये मांझी, उपेंद्र से साधी चुप्पी, कांग्रेस ने कहा- हम साथ-साथ!

 

संवाददाता । पटना।

अगले साल होनेवाले बिहार विधानसभा चुनाव से पहले ही महागठबंधन में बिखराव अब दिखने लगा है. विधानसभा चुनाव में अकेले चुनाव लड़ने के जीतन राम मांझी का बयान होने का असर दूसरे दिन ही दिख गया. शुक्रवार को जब महागठबंधन और वाम दलों ने प्रेस वार्ता आयोजित की, तो उसमें हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (हम) के मुखिया जीतनराम मांझी या उनके प्रतिनिधि नहीं आये. वहीं, दूसरी तरफ आरजेडी की ओर से भी प्रेस वार्ता में शामिल होनेवाला कोई बड़ा नेता नहीं था. ‘हम’ के प्रदेश अध्यक्ष बीएल वैस्यंत्री ने कहा कि ‘हम’ पार्टी का एजेंडा स्पष्ट है. प्रेस वार्ता में शामिल नहीं होने का फैसला गुरुवार को ही ले लिया गया था. वहीं, दूसरी ओर इस मामले पर पूछे जाने पर उपेंद्र कुशवाहा ने चुप्पी साध ली. कुशवाहा ने कहा कि अभी हम लोग 13 नवंबर को होनेवाले धरना-प्रदर्शन को लेकर जुटे हैं. इसके बारे में आगे बात की जायेगी.महागठबंधन के साथ हैं मांझी : कांग्रेस

इधर, महागठबंधन से जीतन राम मांझी के अलग होने के सवाल पर कांग्रेस ने डैमेज कंट्रोल का काम किया. प्रेस कांफ्रेंस के बाद एक सवाल के जवाब में कांग्रेस नेता अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा कि मांझी महागठबंधन के साथ हैं. उनसे सुबह ही बात हुई है. को-ऑडिनेशन कमेटी के गठन के साथ ही महागठबंधन के साथ चुनाव लड़ने की बात स्पष्ट हो जायेगी. इस सवाल के जवाब में कि क्या महागठबंधन के नेता उपेंद्र कुशवाहा होंगे? उन्होंने कहा कि इस बात का जवाब नहीं दे सकते. लेकिन, अगर वो आगे बढ़ कर महागठबंधन के विभिन्न कार्यक्रमों को आयोजित कर रहे तो, इसमें गलत क्या है.मुकेश सहनी बोले- को-ऑर्डिनेशन कमेटी नहीं बनने से नाराज है मांझी

इधर, वीआइपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश सहनी ने महागठबंधन और वामदल की संयुक्त प्रेस वार्ता के बाद कहा है कि पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी महागठबंधन में को-ऑर्डिनेशन कमेटी नहीं बनने से नाराज हैं. सहनी ने कहा कि कमेटी को लेकर सभी सहयोगियों की राय एक है. हम भी चाहते है कि को-ऑर्डिनेशन कमेटी बने. अगर कमेटी बन जायेगी, तो मांझी महागठबंधन के साथ मिलकर विधानसभा चुनाव में उतरेंगे. अभी तक मांझी ने महागठबंधन को लिखित में कुछ नहीं दिया है कि वह महागठबंधन से अलग होकर अकेले चुनाव लड़ेंगे.क्या बोले थे जीतन राम मांझी?

हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा के मुखिया जीतन राम मांझी ने कहा था कि बिना किसी गठबंधन के स्वतंत्र रूप से झारखंड में विधानसभा चुनाव लड़ेंगे. मेरा मानना ​​है कि महागठबंधन में हमें नजरंदाज किया गया. इसलिए हमने अगले साल होनेवाले बिहार विधानसभा चुनाव भी अकेले लड़ने का फैसला किया है.

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