Advertisement

सरकार के फैसले के खिलाफ वाहनों चालकों का हल्‍ला बोल: दूसरे दिन भी जारी हड़ताल; कहा- जुर्माना भरने जितनी कमाई नहीं होती

-सरकार के फैसले के खिलाफ वाहनों चालकों का हल्‍ला बोल: दूसरे दिन भी जारी हड़ताल; कहा- जुर्माना भरने जितनी कमाई नहीं होती

 

परबत्ता (खगड़िया)।सम्वाददाता।

वाहन चालकों की हड़ताल का मंगलवार को व्यापक असर दिखा। एनएच-31 के किनारे अवस्थित खगड़िया बस पड़ाव पर सन्नाटा रहा। दिन में नाममात्र के वाहन चलते नजर आए। बड़े वाहन तो नहीं ही चल रहे थे।

जिले में करीब 350 ट्रक नहीं चली:

ट्रक ट्रांसपोर्ट सारथी एसोसिएशन के बिहार प्रभारी शिवराज यादव ने कहा कि खगड़िया जिले में 350 के आसपास ट्रक है। एक भी ट्रक नहीं चली। उन्होंने कहा कि 80 प्रतिशत चार पहिया वाहन आदि भी नहीं चले।

ट्रक ट्रांसपोर्ट सारथी एसोसिएशन के बिहार प्रभारी :

शिवराज यादव, साजो यादव, मनोज चौरसिया आदि छोटे वाहन चालकों को जागरूक करते हुए हड़ताल को सफल बनाने की अपील की।
कहा कि अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी। शिवराज यादव ने कहा कि केंद्र सरकार के हिट एंड रन मामले में चालकों के लिए बनाए गए नए कानून के विरोध में हमलोग अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं।


ठंड में परेशान हो रहे हैं यात्री:

इधर परबत्ता प्रखंड क्षेत्र का भी यही हाल रहा। यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। अगुवानी-महेशखूंट पथ पर सन्नाटा रहा। वाहन चालकों ने चक्का जाम कर दिया है। अगर कोई वाहन चालक गाड़ी पर सवारी बैठाकर गुजर रहे थे, तो उन्हें अन्य वाहन चालकों के द्वारा रोका गया।
इधर हड़ताल के कारण ठंड के इस मौसम में यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। परबत्ता बाजार, अगुवानी बस स्टैंड समेत मड़ैया बाजार, महद्दीपुर, पसराहा स्टैंड आदि में सन्नाटा रहा। खगड़िया में कई यात्री बस पड़ाव से स्टेशन की ओर पैदल आते दिखे। वे ट्रेन पकड़कर गंतव्य को रवाना हुए।

सरकार के फैसले का पुरजोर विरोध:

फतुहां- हिलसा सड़क मार्ग तथा डियांवा- बेरथू सड़क मार्ग पर भी वाहनों का आवागमन पूरी तरह ठप है। हड़ताल के कारण सड़कों पर सन्नाटा पसरा हुआ है।

डियांवा- बेरथू सड़क मार्ग पर मिट्टी कुंआ के निकट ट्रक चालकों के द्वारा सड़क पर अपने वाहनों को खड़ा कर सड़क जाम कर दिया गया है, जिसके कारण मोटरसाइकिल से भी लोगों को आने-जाने में परेशानी हो रही है।

ट्रक चालक राजू गोप, मुंशी पासवान, अर्जुन मांझी, सूरज गोप, ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा लाये गए वाहन कानून के तहत सड़क हादसे में मौत पर वाहन चालकों को 10 वर्ष की सजा तथा 7 लाख जुर्माना किये जाने का प्रावधान लागू किया गया है।

जुर्माने की राशि नहीं भर पाएंगे: ट्रक चालक

ट्रक चालकों का कहना है कि वे लोग दिन रात मेहनत कर इतना पैसा भी नहीं बचा पाते हैं कि अपने बच्चों तथा परिजनों का बेहतर तरीके से भरण पोषण कर सके। ऐसी स्थिति में जुर्माना की राशि कैसे देंगे। चालकों द्वारा इस कानून को वापस लिए जाने की मांग सरकार से की जा रही है।