Advertisement

संपन्न हुआ महाकवि रमण शिखर सम्मान समारोह

-संपन्न हुआ महाकवि रमण शिखर सम्मान समारोह

-साहित्यकारों को किया गया सम्मानित

मुजफ्फरपुर।दीपक।

सक्रिय साहित्यिक एवं आध्यात्मिक केंद्र “संकेत”, मुजफ्फरपुर के तत्वावधान में 16वाँ महाकवि रमण शिखर सम्मान–2025 का भव्य आयोजन थियोसोफिकल लॉज सभागार में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता चितरंजन सिन्हा कनक ने की।

इस अवसर पर डॉ. वंदना विजयालक्ष्मी, श्री देवेन्द्र शर्मा, डॉ. वीरेन्द्र कुमार मल्लिक तथा डॉ. हरिकिशोर प्रसाद सिंह को महाकवि रमण शिखर सम्मान–2025 से सम्मानित और अलंकृत किया गया। साथ ही श्रद्धा सुरभि (दरभंगा) को भी विशेष रूप से सम्मानित किया गया।

मुख्य अतिथि हिन्दी साहित्य सम्मेलन के जिला प्रधानमंत्री उदय नारायण सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि “महाकवि रमण विद्रोही स्वभाव के साहित्यकार थे, जिन्होंने अपने लेखन के माध्यम से सामाजिक चेतना को नई दिशा दी। उनकी कृति ‘मास्को’ की भूमिका राष्ट्रकवि दिनकर ने लिखी थी, जबकि ‘बाबन’ और ‘अंतरा’ जैसी रचनाएँ आज भी उनकी साहित्यिक जीवंतता का प्रमाण हैं।”

डॉ. संजय पंकज ने कहा कि “रमण जी ने साहित्य की विभिन्न विधाओं में अपनी मौलिकता और संवेदनशीलता के साथ लेखन किया। उनकी कविताएँ प्रयोग और प्रगतिशीलता का सुंदर संगम हैं।”

विशिष्ट अतिथि डॉ. लोकनाथ मिश्र ने सम्मानित साहित्यकारों के योगदान पर प्रकाश डालते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से साहित्य और संस्कृति को नई ऊर्जा मिलती है।

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए चितरंजन सिन्हा कनक ने कहा कि “रमण जी निष्काम कर्मयोगी थे, जिन्होंने जीवन भर साहित्य की निष्ठापूर्वक सेवा की। उनका व्यक्तित्व भावी पीढ़ियों के लिए प्रेरणा स्रोत है।”

कार्यक्रम में प्रेम कुमार वर्मा, अंजनी कुमार, डॉ. सतीश चन्द्र भगत, रमेश प्रसाद श्रीवास्तव, देवेन्द्र कुमार, उमानाथ सिंह, उत्तम कुमार, मधुमंगल ठाकुर आदि ने महाकवि रमण के साहित्यिक योगदान पर अपने विचार रखे।

संचालन अमिताभ कुमार सिन्हा ने किया तथा धन्यवाद ज्ञापन वरिष्ठ साहित्यकार रमेश प्रसाद श्रीवास्तव ने प्रस्तुत किया।

#महाकवि_रमण_शिखर_सम्मान #मुजफ्फरपुर #संकेत_साहित्यिक_केन्द्र #साहित्य_सम्मान #चितरंजन_सिन्हा_कनक #हिन्दी_साहित्य #साहित्यकार_सम्मान #रमण_जी_की_स्मृति