-मोदी जी ने गरीब की थाली से टैक्स हटाकर उन्हें असल राहत दी है, किसानों को फायदा: कुंतल कृष्णा
मोतिहारी, राजन द्विवेदी।
विपक्ष सालों तक केवल “गरीबी हटाओ” के नारे देता रहा और भारी भरकम टैक्स वसूलता रहा। लेकिन कभी असल में गरीबी नहीं हटाई | आज मोदी जी ने गरीब की थाली से टैक्स हटाकर उन्हें असल राहत दी है।
उक्त बातें भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता कुंतल कृष्णा ने आज मोतिहारी सर्किट हाउस में आयोजित प्रेस वार्ता में कहीं।
श्री कुंतल ने कहा कि अब बच्चों का दूध महँगा नहीं पड़ेगा- कांग्रेस के ज़माने में जिस दूध पर भी 6 प्रतिशत टैक्स लगता था, मोदी जी ने उसे पूरी तरह शून्य कर दिया है। मोदी जी ने गरीब ही नहीं हर मध्यम वर्गीय परिवार की थाली से टैक्स का बोझ हटाया है। गेहूं- चावल – आटा – जिस पर कांग्रेस वर्षों तक टैक्स वसूलती रही, आज सब पर शून्य प्रतिशत जीएसटी कर दिया गया है।
उन्होंने कहा कि मिडिल क्लास फैमिली के लिए टीवी, फ्रिज, वॉशिंग मशीन जैसे ज़रूरी सामान पर पहले 31 प्रतिशत टैक्स था, अब केवल 18 प्रतिशत है। कपड़े बनाने वाले सूत पर भी कांग्रेस के समय 18 प्रतिशत टैक्स हुआ करता था, अब केवल 5% टैक्स लगेगा, जिससे लाखों बुनकर भाइयों को फायदा होगा।
कांग्रेस के ज़माने में अस्पतालों और मेडिकल मशीनों पर भारी टैक्स लगा हुआ था। मोदी सरकार ने एक्स-रे, रेडियोथैरेपी जैसी मशीनों पर टैक्स घटाकर सिर्फ़ 5 प्रतिशत कर दिया – इससे इलाज सस्ता होगा। जिस हेल्थ और लाइफ़ इंश्योरेंस पर कांग्रेस 18 प्रतिशत टैक्स वसूलती थी । उसपर भी मोदी जी ने आम आदमी की राहत के लिए 0 प्रतिशत टैक्स कर दिया।

विपक्ष वाले कहते थे कि जीएसटी ‘गब्बर सिंह टैक्स’ है, लेकिन सच ये है कि मोदी जी ने इसे ‘गरीब और मध्यम वर्ग का टैक्स’ बना दिया।मध्यमवर्गीय परिवार अपने लिए वो सुख-सुविधाएं पा सकेंगे, जो पहले महंगी थीं। जीएसटी 2.0 बिहार के करोड़ों परिवारों के सपनों को हकीकत में बदलने का माध्यम बनेगा।
जीएसटी सुधारों से करोड़ों परिवार की जेब में हर महीने हजारों रुपये बचेंगे। विपक्ष ने 70 साल में टैक्स सिस्टम को उलझाया, एनडीए सरकार ने इसे सरल और सस्ता बनाया।
नए उल्लास से मनेगा दशहरा, छठ – दिवाली, जीएसटी में राहत से सजेगी पूजा की थाली
अब त्योहारों में मिठाईयों से खुशियाँ बढ़ेगी, जेब पर बोझ नहीं। कांग्रेस के शासन काल में मिठाई पर भी 21% टैक्स लिया जाता था, आज मोदी सरकार में इसे केवल 5 प्रतिशत टैक्स पर ला दिया है।
इस बार व्रती के लिए फलाहार या व्रत वाली थाली भी सस्ती होने वाली है। इन थालियों में आमतौर पर मक्खन, पनीर, दूध, खजूर, ड्राई फ्रूट्स, फल, घी का उपयोग किया जाता है। अब इन सभी चीजों पर लगने वाला टैक्स या तो हटा दिया गया है या काफी कम कर दिया गया है।
पूजा में उपयोग होने वाले सामान जैसे वनस्पति तेल, घी, चीनी, मिठाई, छेना – पनीर इन सभी चीजों पर मात्र 5% जीएसटी कर दिया गया है।
रोज़मर्रा के सामान जैसे साबुन, शैम्पू, टूथपेस्ट, बेबी प्रोडक्ट्स पर जहां पहले 12-18 प्रतिशत टैक्स था, उसपर अब केवल 5 प्रतिशत टैक्स लगेगा। किसानों को सीधा फायदा: कृषि मशीनरी, ड्रिप इरिगेशन सिस्टम, बायो-पेस्टिसाइड्स और ट्रैक्टर के पार्ट्स पर टैक्स में कमी से किसानों को सीधा फायदा मिलेगा। 1200 से 1500 सीसी वाले पेट्रोल/डीजल के छोटे कार, 350 सीसी तक वाले मोटरसाइकिल या थ्री व्हीलर्स इन सब पे 28% टैक्स था। अब वह 18% के स्लैब में आ गए हैं।
टूथपेस्ट, साबुन, तेल से ले गाड़ी, मोटर इत्यादि तक, टीवी, फ्रिज से लेकर पेंसिल, इरेजर, ज्योमेट्री बॉक्स, बच्चों के नोटबुक, बच्चों का ज्योमेट्री बॉक्स पर टैक्स की भारी कमी हुई है। लगभग सभी पर शून्य टैक्स कर दिया गया है।
दैनिक उपयोग की वस्तुओं पर जीएसटी दरें कम होने से सामान्य परिवारों का खर्च घटेगा । प्रेस कॉन्फ्रेंस में बिहार मछुआ आयोग अध्यक्ष ललन सहनी, जिलाध्यक्ष भाजपा पवन राज, उपमहापौर डॉ० लाल बाबू प्रसाद एवं जिला प्रवक्ता साजिद रज़ा उपस्थित थे।








