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बिहार में 13.15 लाख किशोरियों को लगेगा एचपीवी टीका, IGIMS से अभियान की शुरुआत

-बिहार में 13.15 लाख किशोरियों को लगेगा एचपीवी टीका, IGIMS से अभियान की शुरुआत

-सर्वाइकल कैंसर से बचाव की बड़ी पहल, 13 लाख से अधिक किशोरियों को मिलेगा एचपीवी वैक्सीन

Sub Head
– स्वास्थ्य मंत्री ने कहा- देश में स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में शुरू हुआ बड़ा अध्याय, बिहार सबसे आगे
– स्कूलों में अभियान युद्धस्तर पर चलाने के निर्देश, जिलों को भेजे जा रहे टीका के डोज

पटना, 28 फरवरी।दीपक।
महिलाओं में सर्वाकल कैंसर से सुरक्षा और बचाव को लेकर राज्य में चलाए जाने वाले टीकाकरण अभियान का शुभारंभ शनिवार को पटना के इंदिरा गांधी आयुर्वेद विज्ञान संस्थान (आईजीआईएमस) में किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने कहा कि बिहार में 14-15 वर्ष आयु की करीब 13 लाख 15 हजार किशोरियों को एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमावायरस) से बचाव का टीका लगाया जाएगा। यह अभियान आगामी तीन महीने तक चलाया जाएगा। इस अवसर पर राजस्थान के अजमेर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों राष्ट्रीय टीकाकरण के शुभारंभ कार्यक्रम को लाइव प्रसारण के माध्यम से दिखाया गया।

जिलों को भेजे जा रहे वैक्सीन डोज, प्रखंड स्तर तक उपलब्धता:

आईजीआईएमस में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंगल पांडेय ने कहा कि महिलाओं में स्तन कैंसर के बाद सर्वाइकल कैंसर की शिकायत सबसे अधिक होती है। पिछले साल देश भर में 78 हजार 499 मरीजों की इस बीमारी की वजह से मौत हो गई थी। यह समाज की एक बहुत बड़ी क्षति थी। समस्या को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह संकल्प लिया है कि भविष्य में वह बेटियों का जीवन बचाने का काम करेंगे।

14–15 वर्ष की किशोरियों को मिलेगा सर्वाइकल कैंसर से सुरक्षा कवच:

सर्वाइकल कैंसर की बीमारी से किसी बेटी की मौत नहीं होगी। उन्होंने बताया कि बिहार को भारत सरकार ने टीका का 6.5 लाख डोज उपलब्ध करा दिया है। यह सभी डोज जिलों में भेजे जा रहे हैं। टीका का डोज जिला अस्पताल से प्रखंड स्तर के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों तक में उपलब्ध होगा। उन्होंने कहा कि यह अभियान देश के स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में एक बड़ा अध्याय शुरू करने वाला है।

स्वास्थ्य सेवा में नया अध्याय, बिहार देश में सबसे आगे:

सचिव लोकेश कुमार सिंह ने कहा कि सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए बिहार में पहले से ही अभियान चल रहा है। अभियान के तहत 9-14 साल उम्र की बच्चियों को टीका का पहला और छह महीने के अंतराल पर दूसरा डोज दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिन बच्चियों को अभी दूसरा डोज नहीं दिया जा सका है, उन्हें भी जल्द ही इसका लाभ दिया जाएगा। साथ ही भारत सरकार की ओर से शुरू किए गए अभियान के तहत टीका का पहला डोज भी किशोरियों को दिया जाएगा। उन्होंने स्कूलों में इस अभियान को युद्धस्तर पर चलाने के लिए विभागीय पदाधिकारियों को निर्देश दिए। इस अवसर पर राज्य स्वास्थ्य समिति के कार्यपालक निदेशक अमित कुमार पांडेय, डॉ. अनुपमा सिंह, डॉ. मनीष मंडल, अमिताभ सिंह, डॉ राजेश कुमार के साथ दूसरे पदाधिकारी, कर्मचारी मौजूद रहे।